11 मामलों में वांछित ठग को EOW कश्मीर ने किया गिरफ्तार सेंट्रल जेल श्रीनगर भेजा गया
- Purminder Singh
- Jul 13, 2026
श्रीनगर, 13 जुलाई: जम्मू-कश्मीर पुलिस की इकोनॉमिक ऑफेंसेज़ विंग (EOW), कश्मीर ने घाटी में धोखाधड़ी, जालसाजी और फर्जी दस्तावेज़ तैयार करने के कई मामलों में वांछित आरोपी अब्दुल मजीद मीर को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में सेंट्रल जेल श्रीनगर भेज दिया है।
EOW के अनुसार, आरोपी की गिरफ्तारी प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश, श्रीनगर की अदालत द्वारा जारी लंबे समय से लंबित गिरफ्तारी वारंट के आधार पर की गई। मामले की जांच पूरी होने के बाद पहले ही अदालत में आरोपपत्र (चार्जशीट) दाखिल किया जा चुका था।
गिरफ्तार आरोपी की पहचान अब्दुल मजीद मीर, पुत्र अब्दुल रहीम मीर, निवासी लश्तियाल, कलारूस, जिला कुपवाड़ा के रूप में हुई है। उसके खिलाफ एफआईआर संख्या 17/2015 पुलिस स्टेशन क्राइम ब्रांच कश्मीर में धारा 420, 467, 468, 471 और 120-बी रणबीर दंड संहिता (RPC) के तहत मामला दर्ज है।
अधिकारियों के मुताबिक, अब्दुल मजीद मीर एक आदतन ठग है और उसके खिलाफ कश्मीर के विभिन्न थानों में कुल 11 आपराधिक मामले दर्ज हैं। इन मामलों में धोखाधड़ी, जालसाजी, फर्जी नियुक्ति पत्र और सरकारी नौकरी दिलाने के नाम पर ठगी जैसे आरोप शामिल हैं।
इनमें से 4 मामलों की जांच जारी है, जबकि 7 मामलों में चार्जशीट अदालत में दाखिल की जा चुकी है।
विश्वसनीय सूचना के आधार पर EOW ने आरोपी को गिरफ्तार कर अदालत में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। इसके बाद उसे सेंट्रल जेल श्रीनगर में दाखिल कराया गया।
आरोपी के खिलाफ दर्ज मामलों में क्राइम ब्रांच कश्मीर की एफआईआर संख्या 17/2015 और 15/2018, मैसूमा थाना की 02/2020, कुपवाड़ा थाना की 24/2022 और 114/2025, EOW कश्मीर की 10/2025, 12/2026, 13/2026 और 18/2026, जबकि पंथा चौक थाना की 42/2025 तथा लाल बाजार थाना की 46/2025 शामिल हैं।
इकोनॉमिक ऑफेंसेज़ विंग ने आम जनता से अपील की है कि वे फर्जी सरकारी नौकरी, नकली नियुक्ति पत्र और जाली दस्तावेज़ों के नाम पर होने वाली ठगी से सतर्क रहें। पुलिस ने ऐसे मामलों की जानकारी तुरंत निकटतम पुलिस थाने या क्राइम ब्रांच को देने की भी अपील की है।

