जम्मू-कश्मीर की श्रीनगर पुलिस का ड्रग तस्करों पर बड़ा शिकंजा 1 करोड़ 5 लाख की संपत्ति जब्त
- MILAN SINGH JAMWAL
- Jul 30, 2026
श्रीनगर, 30 जुलाई: जम्मू-कश्मीर में 'नशा मुक्त जम्मू-कश्मीर अभियान' के तहत मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ कार्रवाई को और तेज करते हुए श्रीनगर पुलिस ने गुरुवार को दो कुख्यात ड्रग तस्करों की करीब ₹1.05 करोड़ मूल्य की अचल संपत्तियां जब्त कर लीं। पुलिस का कहना है कि यह कार्रवाई ड्रग तस्करी के आर्थिक नेटवर्क को ध्वस्त करने की रणनीति का हिस्सा है।
पुलिस द्वारा जारी आधिकारिक बयान के अनुसार, पहली कार्रवाई में पामपोश कॉलोनी, पलपोरा, नूरबाग (श्रीनगर) स्थित एक आवासीय मकान और उसके नीचे की भूमि जब्त की गई। यह संपत्ति आकिब मुश्ताक केनू, पुत्र मुश्ताक अहमद केनू की है, जिसकी अनुमानित कीमत ₹50 लाख है।
यह कार्रवाई NDPS Act, 1985 की धारा 68-F के तहत की गई। यह संपत्ति सफाकदल पुलिस स्टेशन में दर्ज एफआईआर संख्या 48/2022 (धारा 8/21/29 NDPS Act) से संबंधित मामले में जब्त की गई है। पुलिस ने बताया कि आरोपी फिलहाल सक्षम न्यायालय से जमानत पर है।
दूसरी कार्रवाई में पाथर मस्जिद, जैनाकदल (श्रीनगर) स्थित तीन मंजिला मकान, दो व्यावसायिक दुकानें तथा उनके नीचे की भूमि जब्त की गई। यह संपत्ति अल्ताफ अहमद नजर उर्फ टी.के. खान, पुत्र स्वर्गीय गुलाम कादिर नजर की है, जिसकी अनुमानित कीमत ₹55 लाख बताई गई है।
यह कार्रवाई NDPS Act, 1985 के चैप्टर VA की धारा 68-F के तहत क्राल खुड पुलिस स्टेशन में दर्ज एफआईआर संख्या 32/2021 (धारा 8/21 NDPS Act) के संबंध में की गई।
पुलिस के अनुसार, अल्ताफ अहमद नजर के खिलाफ PIT-NDPS Act, 1988 के तहत भी निरोधात्मक कार्रवाई की गई है। वह डिविजनल कमिश्नर कश्मीर के आदेश पर फिलहाल निरोधात्मक हिरासत में बंद है।
जांच के दौरान पुलिस ने पाया कि दोनों आरोपियों की ये संपत्तियां कथित तौर पर अवैध मादक पदार्थों की तस्करी से अर्जित धन से खरीदी गई थीं। संपत्ति जब्त करने की पूरी प्रक्रिया नई दिल्ली स्थित सक्षम प्राधिकरण (SAFEMA) से आवश्यक मंजूरी प्राप्त करने के बाद कानून के सभी प्रावधानों और प्रक्रियाओं का पालन करते हुए पूरी की गई।
यह कार्रवाई श्रीनगर पुलिस की विशेष टीमों द्वारा पुलिस पोस्ट नूरबाग और पुलिस थाना एम.आर. गंज के अधिकार क्षेत्र में अंजाम दी गई।
पुलिस ने कहा कि उसका उद्देश्य केवल ड्रग तस्करों को गिरफ्तार करना ही नहीं, बल्कि उनकी अवैध कमाई से बनाई गई संपत्तियों को जब्त कर उनके आर्थिक तंत्र को पूरी तरह खत्म करना भी है। इससे नशे के कारोबार में शामिल लोगों को कड़ा संदेश जाएगा और कानून का शासन और मजबूत होगा।
श्रीनगर पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वे 'नशा मुक्त जम्मू-कश्मीर अभियान' को सफल बनाने के लिए ड्रग तस्करी और अन्य आपराधिक गतिविधियों से जुड़ी विश्वसनीय जानकारी पुलिस के साथ साझा करें। पुलिस ने भरोसा दिलाया कि ऐसे मामलों में शामिल किसी भी व्यक्ति के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

