कोंडागांव , 19 जून (हि.स.)। जिले के माकड़ी विकासखंड अंतर्गत ग्राम हुक्का पथरी में तय बाल विवाह होने की विभागीय सूचना प्राप्त हुई थी। कोंडागांव जिला बाल संरक्षण इकाई महिला एवं बाल विकास विभाग, पुलिस विभाग एवं चाईल्ड लाईन की संयुक्त दल द्वारा आज शुक्रवार को जिला कार्यक्रम अधिकारी रेणु प्रकाश महोदया के निर्देशानुसार नरेन्द्र सोनी जिला बाल संरक्षण अधिकारी के मार्गदर्शन में बाल विवाह रोकने की कार्रवाई की गई।
बाल बिवाह रोकने हेतु निर्मल मंडावी, प्रधान आरक्षक 112 थाना माकड़ी, सौरभ तिवारी परिवीक्षा अधिकारी, जयदीप नाथ संरक्षण अधिकारी, इंदु वैद्य आउटरीच वर्कर एवं बाल विवाह प्रतिषेध अधिकारी एवं पर्यवेक्षक बेला रानी विश्वास, ग्राम पंचायत सचिव समता मरकाम चाईल्ड लाईन टीम से कैलाश वैद्य तथा ग्राम पंचायत सरपंच,पंचगण ग्रामीण उपस्थित थे।
ग्राम पंचायत हुक्का बेड़ा पथरी विकासखण्ड माकड़ी में नाबालिग वर रमेश (परिवर्तित नाम) पिता कीर्ति लाल (परिवर्तित नाम) उम्र 20 वर्ष 10 माह निवासी हुक्का बेड़ा पथरी का विवाह बालिग खेमेश्वरी (परिवर्तित नाम) पिता रामेश्वर (परिवर्तित नाम) उम्र 18 वर्ष 8 माह निवासी- केरावाही जिला कोंडागांव (छ0ग0) के साथ किया जाना था। सूचना मिलने पर 112 माकड़ी, परिवीक्षा अधिकारियों, बाल विवाह प्रतिषेध अधिकारी पर्यवेक्षक एवं सचिव का संयुक्त दल द्वारा विवाह स्थल पहुंचकर वर-वधु के दस्तावेज अंकसूची का अवलोकन किया गया, जिसमें वर का जन्मतिथि 16.08.2005 एवं वधु की जन्मतिथि 30.09.2007 अंकित है। भारतीय कानून एवं शासन के नियमानुसार बालक की आयु विवाह हेतु निर्धारित आयु से कम पायी गई। दोनों पक्षों के उपस्थित सदस्यों को विभागीय अधिकारी/कर्मचारियों द्वारा बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम, दण्ड के प्रावधान, बाल विवाह के दुष्परिणाम से अवगत कराते हुए विवाह न करने की समझाईस दिया गया।
परिवार द्वारा निर्धारित आयु पूरी होने पर विवाह किये जाने हेतु सहमत हुए। जांच दल द्वारा सरपंच ग्राम पंचायत, वार्ड पंच, परिजनों, ग्रामीणों, बुजुर्गों एवं प्रशासन के समक्ष पंचनामा तैयार किया गया। दल द्वारा वर-वधु व दोनों पक्ष को समझाईश देकर बाल विवाह को रोका गया।

