गुरुग्राम: इन्वेस्टमेंट के नाम पर 33 लाख की ठगी में तीन आरोपी गिरफ्तार
- Vijesh Sharma
- Jun 03, 2026

-आरोपियों पर ठगी की राशि जमा कराने के लिए बैंक खाते उपलब्ध कराने का आरोप
गुरुग्राम, 03 जून । इन्वेस्टमेंट के नाम पर साइबर ठगी करने वाले गैंग को बैंक खाता उपलब्ध कराने वाले तीन आरोपियों को गुरुग्राम पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोपी फरीदाबाद से प्रोडक्शन वारंट पर लाकर पकड़े गए। पुलिस प्रवक्ता संदीप कुमार ने बुधवार को बताया कि दो जून 2026 को साइबर दक्षिण पुलिस टीम ने तीनों आरोपियों को फरीदाबाद से गिरफ्तार किया।
थाना साइबर दक्षिण गुरुग्राम पुलिस के अनुसार छह अगस्त 2025 को एक व्यक्ति ने शिकायत दी थी कि आईपीओ और शेयर्स में निवेश कराने के नाम पर उसके साथ 33 लाख 55 हजार रुपये की ठगी हुई है। शिकायत पर मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई थी। जांच के दौरान पुलिस ने पाया कि ठगी की राशि में से पांच लाख 30 हजार रुपये एक बैंक खाते में ट्रांसफर हुए थे। इसी खाते के जरिए साइबर ठगों तक पहुंचने के लिए पुलिस ने कार्रवाई तेज की। दो जून 2026 को साइबर दक्षिण पुलिस टीम ने तीन आरोपियों को फरीदाबाद से गिरफ्तार किया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान अभिषेक पटेल निवासी गांव मंगारी, जिला वाराणसी (उत्तर प्रदेश), अंशुमान उर्फ वैभव निवासी गांव बैरवा ननकार, जिला सिद्धार्थ नगर (उत्तर प्रदेश) और अभिषेक कुमार सिंह निवासी गांव इंदौर, जिला रोहतास (बिहार) के रूप में हुई है।
पुलिस पूछताछ में सामने आया कि आरोपियों ने जिस बैंक खाताधारक के खाते में ठगी की राशि ट्रांसफर हुई थी, उसके मोबाइल में चाइनीज साइबर ठगों द्वारा भेजी गई एपीके फाइल डाउनलोड करवाई थी। इस एपीके फाइल के जरिए ठगों ने बैंक खाते का पूरा नियंत्रण अपने हाथ में ले लिया था। आरोपी बैंक खाताधारक को होटल में बुलाकर उस पर निगरानी रखते थे ताकि वह खाते का एक्सेस किसी को न दे सके। इसके बदले उन्हें कमीशन मिलता था। पुलिस ने यह भी खुलासा किया कि तीनों आरोपी नेपाल में जाकर चीनी साइबर ठगों से मिलकर आए थे और वहीं से ठगी का नेटवर्क ऑपरेट कर रहे थे। पुलिस प्रवक्ता ने बताया कि आरोपियों को अदालत में पेश कर चार दिन के पुलिस रिमांड पर लिया गया है। रिमांड के दौरान उनसे यह पता लगाया जा रहा है कि उन्होंने कितने और लोगों के बैंक खाते साइबर ठगों को उपलब्ध कराए और अब तक कितनी रकम ट्रांसफर करवाई।

