एचईसी की आर्थिक स्थिति पर एटक नेता का गंभीर आरोप, मजदूरों के बकाया भुगतान को लेकर जताई चिंता
- DSS Admin
- May 23, 2026
रांची, 23 मई (हि.स.)। हटिया कामगार यूनियन (एटक) के उपाध्यक्ष लालदेव सिंह ने हेवी इंजीनियर्स कॉर्पोरेशन (एचईसी) लिमिटेड की मौजूदा आर्थिक स्थिति और प्रबंधन व्यवस्था को लेकर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि निगम की हालत सुधारने के उद्देश्य से प्रबंधन में बदलाव कर भेल को जिम्मेदारी दी गई, लेकिन इसके बावजूद मजदूरों की स्थिति में कोई सुधार नहीं हुआ।
शनिवार को जारी एक बयान में लालदेव सिंह ने दावा किया कि प्रबंधन बदलने के बाद भी एचईसी पर वित्तीय देनदारियां लगातार बढ़ती गई हैं। निगम पर बिजली बिल, सीआईएसएफ, सीपीएफ, सप्लायर भुगतान, पानी, ग्रेच्युटी, अवकाश वेतन (लीव सैलरी) और नियमित वेतन जैसे कई मदों में भारी बकाया जमा हो गया है।
उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार कर्मचारियों और सेवानिवृत्त कर्मियों के बकाया भुगतान से बचने के लिए ही मौजूदा प्रबंधन व्यवस्था को बनाए हुए है। उनके अनुसार, पिछले सात वर्षों में कर्मचारियों और रिटायर कर्मियों के बकाया का भुगतान नहीं किया जा सका है, जिससे निगम की वित्तीय स्थिति और अधिक बिगड़ती चली गई है।
लालदेव सिंह ने यह भी कहा कि एचईसी पिछले तीन वर्षों से बंदी जैसी स्थिति की ओर बढ़ रहा है, जिसके चलते नए ऑर्डर मिलना लगभग बंद हो गए हैं। उन्होंने आशंका जताई कि आने वाले समय में वेतन भुगतान का संकट और गहरा सकता है तथा सेवानिवृत्त कर्मियों के बकाया भुगतान की संभावना भी और कमजोर होती जा रही है।
उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि सरकार पहले ही स्पष्ट कर चुकी है कि कर्मचारियों के बकाया भुगतान के लिए कोई अतिरिक्त आर्थिक सहायता नहीं दी जाएगी और इसकी जिम्मेदारी पूरी तरह प्रबंधन पर होगी।-----------

