गलगलिया अंतरराष्ट्रीय बाजार में भीषण अग्निकांड, कई दुकानें जलकर खाक
- DSS Admin
- Jun 17, 2026
किशनगंज, 17 जून (हि.स.)। भारत-नेपाल सीमा से सटे किशनगंज जिले के गलगलिया अंतरराष्ट्रीय बाजार में मंगलवार देर रात भीषण अग्निकांड की घटना से अफरा-तफरी मच गई। अचानक लगी आग ने देखते ही देखते विकराल रूप धारण कर लिया और आसपास की कई दुकानों को अपनी चपेट में ले लिया।
इस घटना में लाखों रुपये मूल्य की संपत्ति जलकर नष्ट हो गई। हालांकि, किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, देर रात बाजार क्षेत्र से धुआं और आग की लपटें उठती देख स्थानीय लोगों ने शोर मचाकर आसपास के लोगों को सतर्क किया।
घटना की जानकारी मिलते ही स्थानीय पुलिस, एसएसबी के जवान और ग्रामीण मौके पर पहुंच गए तथा आग बुझाने के प्रयास शुरू कर दिए। आग की तीव्रता को देखते हुए नेपाल से दमकल वाहन मंगाया गया।
दमकल कर्मियों और स्थानीय लोगों की कड़ी मशक्कत के बाद कई घंटों में आग पर काबू पाया जा सका। स्थानीय लोगों ने बताया कि यदि समय रहते दमकल वाहन नहीं पहुंचता तो आग और अधिक दुकानों तक फैल सकती थी, जिससे नुकसान कई गुना बढ़ जाता।
अग्निकांड के कारण प्रभावित दुकानदारों के सामने आजीविका का संकट खड़ा हो गया है। घटना की सूचना मिलने पर बुधवार को एआईएमआईएम नेता गुलाम हसनैन ने प्रभावित क्षेत्र का दौरा किया और पीड़ित दुकानदारों से मुलाकात कर उनकी समस्याएं सुनीं।
इस दौरान उन्होंने सीमावर्ती क्षेत्र में अग्निशमन सुविधाओं की कमी पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि ठाकुरगंज और आसपास के क्षेत्रों में फायर ब्रिगेड की स्थायी व्यवस्था नहीं होने से आपात स्थिति में लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है।
उन्होंने कहा कि दमकल वाहनों के दूरस्थ स्थानों से आने के कारण राहत कार्य में देरी होती है, जिससे नुकसान बढ़ जाता है। गुलाम हसनैन ने राज्य सरकार एवं संबंधित विभागों से ठाकुरगंज में शीघ्र स्थायी अग्निशमन केंद्र स्थापित करने और आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराने की मांग की।
साथ ही उन्होंने स्थानीय विधायक पर जनसमस्याओं को विधानसभा में प्रभावी ढंग से नहीं उठाने का आरोप लगाते हुए चेतावनी दी कि मांगों की अनदेखी होने पर जन आंदोलन चलाया जाएगा। इधर, प्रशासन ने अग्निकांड में हुए नुकसान का आकलन शुरू कर दिया है। प्रभावित दुकानदारों ने सरकार से उचित मुआवजा और राहत सहायता उपलब्ध कराने की मांग की है।

