सोमवती अमावस्या पर सजे जगतपिता ब्रह्मा, दिव्य श्रृंगार ने मोहा श्रद्धालुओं का मन

On Somvati Amavasya, the father of the universe, Brahma, was adorned; his divine adornment captivated the hearts of devotees.On Somvati Amavasya, the father of the universe, Brahma, was adorned; his divine adornment captivated the hearts of devotees.On Somvati Amavasya, the father of the universe, Brahma, was adorned; his divine adornment captivated the hearts of devotees.

अजमेर, 15 जून(हि.स.)। सोमवती अमावस्या के पावन अवसर पर विश्व प्रसिद्ध ब्रह्मा मंदिर में जगतपिता ब्रह्मा का विशेष एवं भव्य श्रृंगार किया गया। फलाें, पुष्पों और रंग-बिरंगी सजावट से सुसज्जित ब्रह्मा जी की दिव्य छवि के दर्शन के लिए श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी।

मंदिर में किए गए आकर्षक श्रृंगार ने श्रद्धालुओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। गर्भगृह में सजी अलौकिक झांकी और मनोहारी सजावट श्रद्धा व आस्था का अद्भुत संगम प्रस्तुत कर रही थी। सुबह से ही भक्तों का तांता लगा रहा। लाखों की तादाद में श्रद्धालुओं ने अल सुबह ही तीर्थराज पुष्कर सरोवर के 52 घाटों पर जहां जगह मिली स्नान किया और जगतपिता ब्रह्मा के दर्शन कर परिवार की सुख-समृद्धि एवं मंगल की कामना की।

सोमवती अमावस्या के अवसर पर पुष्कर नगरी पूरी तरह भक्तिमय माहौल में रंगी नजर आई। वहीं ब्रह्मा मंदिर में किया गया विशेष श्रृंगार श्रद्धालुओं और पर्यटकों के लिए आकर्षण का प्रमुख केंद्र बना रहा। फलों की सुगंध, पुष्पों की छटा और आस्था की अनुपम आभा के बीच सजे जगतपिता ब्रह्मा के दिव्य स्वरूप ने हर श्रद्धालु का मन मोह लिया।

तीर्थ नगरी पुष्कर में ज्येष्ठ मास की सोमवती अमावस्या के मौके पर गर्मी और उमस का माहौल रहा। यह बात अलग है कि रविवार शाम को काफी तेज आंधी आई और बारिश हुई। रात को भी हवाएं चली लोगों को कुछ परेशानी तो रही किन्तु भक्तिभाव में आस्था भारी नजर आई। सोमवती अमावस्या पर लाखों श्रद्धालुओं ने पवित्र सरोवर में आस्था की डुबकी लगा कर पूजा अर्चना कर जगतपिता ब्रह्मा मंदिर के किए दर्शन किए। अलसुबह से ही कस्बे में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ देखने को मिली । स्नान के बाद श्रद्धालुओं ने सरोवर की परिक्रमा भी की।

ब्रह्मा मंदिर के पुजारी कृष्ण गोपाल वशिष्ठ ने बताया कि इस अवसर पर ब्रह्मा जी का 251 फलों से भव्य श्रृंगार किया गया। सोमवती अमावस्या के पावन अवसर पर पुष्कर में इस बार जैसी भीड़ देखने को मिली है वैसी पुष्कर मेले में कार्तिक पूर्णिमा में देखी जाती है। पहला अवसर है जब इतने भारी संख्या में सनातन श्रद्धालु पुष्कर सरोवर स्नान के लिए पहुंचे हैं। उन्होंने बताया कि ब्रह्मा मंदिर में वन वे की व्यवस्था की गई है तो वहीं भीषण गर्मी से बचने के लिए कूलर पंखे तथा टेंट की व्यवस्था की गई है। मंदिर की विशेष सजावट की गई । उन्होंने बताया कि भारी भीड़ के चलते ब्रह्मा मंदिर दोपहर 1:30 बजे से 3:00 बजे के बीच में भी खुला रखा गया।

सोमवती अमावस्या के पावन अवसर पर भारी भीड़ के चलते अधिकारी मैदान पर उतरे और उन्होंने घाटों और बाजारों का व्यवस्था का जायजा लिया इस दौरान उपखंड अधिकारी गुरु प्रसाद तंवर ने घाटों और बाजारों में नजर आई अव्यवस्थाओं को सुधारने के लिए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा निर्देश दिए तो वही आयुक्त जर्नादन शर्मा ने भी घाटों का निरीक्षण कर घाटों की साफ सफाई पर विशेष ध्यान देने के लिए कर्मचारियों को निर्देश दिए।

सोमवती अमावस्या पर पवित्र स्नान के लिए पुष्कर सरोवर आए एक युवक को सिविल डिफेंस टीम की तत्परता और सीपीआर ने नया जीवन दे दिया। बताया जा रहा है कि युवक सरोवर में डूब गया था और करीब 10 मिनट से अधिक समय तक पानी में रहने के बाद उसे बाहर निकाला गया। घटना के बाद मौके पर मौजूद सिविल डिफेंस टीम के सदस्य किशन गोपाल जाट ने बिना समय गंवाए युवक को सीपीआर देना शुरू किया। लगातार प्रयासों के बाद युवक के शरीर में हरकत हुई और उसकी सांसें वापस लौट आईं। आपदा की घड़ी में प्रशिक्षित बचाव कर्मियों की तत्परता कई जिंदगियां बचा सकती हैं। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार युवक की हालत बेहद गंभीर हो गई थी और उम्मीद लगभग खत्म हो चुकी थी, लेकिन सिविल डिफेंस टीम ने हिम्मत नहीं हारी। किशन गोपाल जाट द्वारा दिए गए सीपीआर के बाद युवक ने फिर से सांस लेना शुरू कर दिया, जिससे वहां मौजूद लोगों ने राहत की सांस ली।

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