चंडीगढ़ में पिल्ले को जलते तंदूर में फेंकने वाला गिरफतार:आरोपी बोला- भौंकने से परेशान था, मंडी में पल्लेदारी का काम करता आरोपी
- DSS Admin
- May 18, 2026
चंडीगढ़ की बापूधाम कॉलोनी में इंसानियत को शर्मसार कर देने वाली घटना सामने आई है। यहां एक युवक ने जिंदा कुत्ते के पिल्ले को धधकते तंदूर में फेंक दिया, जिससे उसकी दर्दनाक मौत हो गई। घटना के बाद इलाके में भारी गुस्सा फैल गया। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी की पहचान बापूधाम फेज-2 निवासी 25 वर्षीय नीरज उर्फ भोला के रूप में हुई है। पुलिस पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह पिल्ले के लगातार भौंकने से परेशान था। पुलिस के अनुसार आरोपी नशे का आदी है। हालांकि मामला जमानती धाराओं में दर्ज होने के कारण उसे थाने से ही जमानत मिल गई। मंडी में पल्लेदारी का काम करता आरोपी घटना शनिवार देर रात करीब 1:40 बजे की बताई जा रही है। सेक्टर-26 सब्जी मंडी में पल्लेदारी का काम करने वाले संजय काम खत्म कर घर लौट रहे थे। जब वह बापूधाम फेज-2 स्थित नूरानी ढाबे के पास पहुंचे तो उन्होंने एक युवक को हाथ में कुत्ते का पिल्ला उठाए देखा। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार युवक संपर्क सेंटर की तरफ से आया था। कुछ सेकेंड बाद उसने अचानक ढाबे के बाहर रखे जलते तंदूर में पिल्ले को फेंक दिया और मौके से भाग निकला। तंदूर में गिरते ही पिल्ला दर्द से तड़पने लगा और उसकी चीखें सुन आसपास मौजूद लोग दौड़ पड़े। पूरा जलचुका था पिल्ला संजय समेत अन्य मजदूरों ने काफी मशक्कत के बाद पिल्ले को तंदूर से बाहर निकाला, लेकिन तब तक वह बुरी तरह झुलस चुका था। कुछ ही देर में उसकी मौत हो गई। घटना के बाद इलाके के लोग मौके पर जमा हो गए और आरोपी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग करने लगे। बाद में मृत पिल्ले को सुखना चो के पास दफनाया गया। मामले की सूचना मिलते ही पुलिस ने जांच शुरू कर दी। आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली गई, जिसके आधार पर आरोपी की पहचान कर उसे गिरफ्तार कर लिया गया। इन धाराओं में एफआईआर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ प्रिवेंशन ऑफ क्रूएलिटी टू एनिमल्स एक्ट-1960 की धारा 11(1)(a) और बीएनएस की धारा 325 के तहत केस दर्ज किया है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार दोष साबित होने पर आरोपी को पांच साल तक की सजा हो सकती है।

