पशुपालन विभाग का लिपिक रिश्वत लेते गिरफ्तार

बागपत, 16 जनवरी (हि.स.)। बागपत जिले में एंटी करप्शन टीम ने पशु पालन विभाग के लिपिक को रिश्वत लेते गिरफ्तार किया है। पशुपालन विभाग का लिपिक पांच हजार रुपये की रिश्वत के साथ पकड़ा गया है,जिसके खिलाफ बागपत कोतवाली में मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई की जा रही है।

बरनावा गांव निवासी सतीश वाल्मीकि ने बकरी पालन के लिए आवेदन किया था जिसमें उसे 49 हजार रुपये मिले थे। बैंक खाते में रुपये आने के बाद बकरी खरीदकर पालन शुरू भी कर दिया।

आरोप है कि पशुपालन विभाग के लिपिक ने फोन कर अनुदान पास कराने के नाम पर 13 हजार रुपये की डिमांड की। जब उसने 13 हजार रुपये देने से मना कर दिया गया तो 10 हजार रुपये देने की डिमांड की गई। बार-बार फोन करके रुपये देने की डिमांड से परेशान होकर सतीश ने पांच हजार रुपये देने का समझौता कर लिया। सतीश ने इसकी जानकारी एंटी करप्शन मेरठ को देते हुए पशुपालन विभाग के लिपिक द्वारा रिश्वत मांगने की बात बताई। एंटीकरप्शन टीम ने सतीश से मिलकर लिपिक को पकड़ने का काम शुरू कर दिया। टीम ने रिश्वत देने से पहले पांच हजार रुपये लेकर नोटों पर केमिकल लगा दिया। सतीश केमिकल लगे नोटों के साथ पशुपालन विभाग के लिपिक के पास पहुंचा और पशुपालन विभाग के लिपिक अश्वनी कुमार को दे दिए। इसी समय एंटी करप्शन टीम मेरठ के द्वारा पांच हजार रुपये रिश्वत लेते लिपिक को रंग हाथ पकड़ लिया गया। टीम ने पशुपालन विभाग के लिपिक अश्वनी कुमार कोतवाली बागपत लेकर पहुंचे। इस संबंध में कोतवाली बागपत प्रभारी बृजेश कुमार का कहना है कि इस मामले में मुकदमा दर्ज कराया जा रहा है। एंटी करप्शन विभाग द्वारा ही इसमें कार्रवाई की जाएगी।

हिन्दुस्थान समाचार / सचिन त्यागी