तिवा स्वायत्त परिषद मुख्यालय में ऐतिहासिक प्रतिमाओं का अनावरण, शिक्षा मंत्री ने की अनुदान की घोषणा

मोरीगांव (असम), 02 जनवरी (हि.स.)। असम के शिक्षा मंत्री डॉ. रनोज़ पेगू ने नए वर्ष के दूसरे दिन आज मोरीगांव स्थित तिवा स्वायत्त परिषद (टीएसी) के मुख्यालय में आयोजित एक कार्यक्रम में भाग लिया। इस अवसर पर तिवा समुदाय के शौर्य और पराक्रम के प्रतीक राजा बीर जोंगल बाल्हू तथा तिवा समाज के जनक माने जाने वाले इंद्राचिंग देउरी की प्रतिमाओं का अनावरण किया गया।

यह कार्यक्रम तिवा स्वायत्त परिषद की लंबे समय से चली आ रही मांग की पूर्ति के रूप में आयोजित किया गया। प्रतिमा अनावरण के उपलक्ष्य में एक विशाल जनसभा का आयोजन किया गया, साथ ही परिषद परिसर में प्रस्तावित नए ऑडिटोरियम के निर्माण हेतु भूमि पूजन एवं शिलान्यास भी किया गया।

जनसभा को संबोधित करते हुए शिक्षा मंत्री डॉ. रनोज़ पेगू ने तिवा समुदाय से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर प्रकाश डाला और राज्य सरकार की ओर से तिवा स्वायत्त परिषद के सर्वांगीण विकास के प्रति प्रतिबद्धता दोहराई। उन्होंने प्रस्तावित ऑडिटोरियम के आधुनिक एवं सुदृढ़ निर्माण के लिए एक करोड़ रुपये के अनुदान की घोषणा भी की।

कार्यक्रम में तिवा स्वायत्त परिषद के मुख्य कार्यकारी सदस्य जीवन चंद्र कोंवर, मोरीगांव की उपायुक्त अनामिका तिवारी, पूर्व मुख्य कार्यकारी सदस्य एवं वर्तमान परिषद सदस्य प्रवण मंता, जिला परिषद अध्यक्ष प्रणति कलिता डेका, तिवा राजदरबार के अध्यक्ष जर्सिंग बरदलै, मेयर जुगेश तामुली सहित परिषद के अन्य अधिकारी, तिवा राजा तथा विभिन्न क्षेत्रों के प्रतिनिधि उपस्थित थे। जिले के विभिन्न हिस्सों के साथ-साथ बाहर से भी बड़ी संख्या में तिवा समुदाय के लोग कार्यक्रम में शामिल हुए।

कार्यक्रम के दौरान मीडिया से बातचीत में मंत्री ने कहा कि सरकार का उद्देश्य असम के लोगों के बीच एकता बनाए रखना और विभिन्न समुदायों के बीच सौहार्द सुनिश्चित करना है। उन्होंने कहा कि राज्य में समुदायों के बीच किसी प्रकार की शत्रुता, संघर्ष या विरोध नहीं है, जिसका श्रेय एनडीए सरकार की नीतियों और कार्यशैली को जाता है।

अधिकारियों के अनुसार, इस आयोजन के माध्यम से तिवा समुदाय की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत को रेखांकित करने के साथ-साथ इसके संस्थागत ढांचे को मजबूत कर विकास की दिशा में महत्वपूर्ण पहल की गई।

हिन्दुस्थान समाचार / श्रीप्रकाश