जेपी नड्डा के कथित बयान पर सियासी तूफान, पीसीसी ने जांजगीर थाने में एफआईआर की मांग की

कोरबा/जांजगीर चांपा, 01 जनवरी (हि.स.)। छत्तीसगढ़ में एक बार फिर राजनीति गरमा गई है। जांजगीर में आयोजित एक जनसभा के दौरान भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा के कथित बयान को लेकर कांग्रेस ने कड़ा विरोध दर्ज कराया है।

कांग्रेस का आरोप है कि झीरम हत्याकांड का जिक्र करते हुए दिए गए इस बयान में कांग्रेस और नक्सलियों के बीच कथित सांठगांठ का संकेत दिया गया, जो न केवल तथ्यहीन है, बल्कि बेहद गंभीर और भ्रामक भी है। इसी मुद्दे को लेकर प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने अब पुलिस का दरवाजा खटखटाया है।

प्रदेश कांग्रेस प्रवक्ता विकास तिवारी ने जांजगीर थाने में गुरुवार काे लिखित आवेदन देकर जेपी नड्डा के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की मांग की है। इस आवेदन की प्रतिलिपि पुलिस अधीक्षक और पुलिस महानिदेशक को भी सौंपी गई है। तिवारी का कहना है कि जनसभा के दौरान दिए गए कथित बयान से कांग्रेस की छवि को नुकसान पहुंचाने की कोशिश की गई है और समाज में भ्रम फैलाने का प्रयास हुआ है। उन्होंने आरोप लगाया कि इस तरह के बयान लोकतांत्रिक मर्यादाओं के विपरीत हैं।

कांग्रेस का कहना है कि झीरम हत्याकांड छत्तीसगढ़ की राजनीति का सबसे दर्दनाक और संवेदनशील अध्याय रहा है। इस घटना में पार्टी के कई वरिष्ठ नेताओं ने अपनी जान गंवाई थी। ऐसे में इस हत्याकांड को राजनीतिक मंच से इस तरह उठाना न केवल पीड़ित परिवारों की भावनाओं को आहत करने वाला है, बल्कि सामाजिक सौहार्द को भी प्रभावित कर सकता है। कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि इस संवेदनशील मुद्दे का इस्तेमाल राजनीतिक लाभ लेने के उद्देश्य से किया गया है।

इस मामले के सामने आने के बाद प्रदेश की राजनीति में नई बहस छिड़ गई है। कांग्रेस ने पुलिस प्रशासन से मांग की है कि पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच कर कानून के तहत सख्त कार्रवाई की जाए। वहीं, खबर लिखे जाने तक पुलिस प्रशासन की ओर से एफआईआर दर्ज किए जाने या जांच शुरू किए जाने को लेकर कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है। दूसरी ओर, भाजपा की तरफ से भी इस मुद्दे पर अब तक कोई औपचारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।

हिन्दुस्थान समाचार/ हरीश तिवारी

---------------

हिन्दुस्थान समाचार / हरीश तिवारी