शनिवार को सूरज के सबसे पास पहुंच रही पृथ्‍वी, सुपरमून जैसा दिखेगा पूर्णिमा का चांद

भोपाल, 02 जनवरी (हि.स.)। खगोल विज्ञान में रुचि रखने वाले लोगों के लिए शनिवार, 03 जनवरी का दिन बेहद खास होने जा रहा है। इस दिन पृथ्‍वी पर नए साल का जश्‍न मनाने के लिए चंद्रमा और सूर्य दोनों हमारे सबसे पास आ रहे हैं, जहां चंद्रमा पृथ्‍वी के पास आकर लगभग सुपरमून जैसा होगा तो पृथ्‍वी सूर्य की परिक्रमा करते हुए उस बिंदु पर पहुंच रही है, जो सूर्य के सबसे नजदीक है।

मध्य प्रदेश की नेशनल अवार्ड प्राप्‍त विज्ञान प्रसारक सारिका घारू ने इस खगोलीय घटना की जानकारी देते हुए बताया कि आकाशमंडल के सभी पिंड अपनी परिक्रमा अंडाकार पथ में करते हैं, जिससे पूरी परिक्रमा के दौरान ये एक बार सबसे पास के बिंदु पर आते हैं तो एक बार सबसे दूर पहुंच जाते हैं और नये साल की शुरुआत में इनके पास आने की स्थिति आ रही है। उन्होंने बताया कि पास आने की यह स्थिति पेरिहेलियन कहलाती है।

सारिका ने बताया कि शनिवार रात्रि 10 बजकर 45 मिनट पर पृथ्‍वी इस साल सूर्य के सबसे निकट पहुंच जाएगी और इसकी दूरी घटकर 14 करोड़ 70 लाख 99 हजार 894 किलोमीटर रह जायेगी जबकि जुलाई में यह दूरी बढ़कर 15 करोड़ 20 लाख 87 हजार 774 किलोमीटर हो जाएगी।

उन्होंने बताया कि अनेक सोशल मीडिया पर शनिवार के चंद्रमा को वुल्‍फ सुपरमून के रूप मे बताया गया है। खगोलविज्ञान की दृष्टि से चंद्रमा एक जनवरी को पृथ्‍वी के सबसे नजदीक बिंदु पर पहुंचा था। अब यह दूर होना शुरू हो चुका है, इसलिये यह सुपरमून जैसा है, पूरी तरह सुपरमून नहीं है। शनिवार को पूर्णिमा की अवस्था में पहुंचने पर चंद्रमा मिथुन राशि में स्थित रहते हुये पृथ्वी से लगभग तीन लाख 62 हजार किलोमीटर की दूरी पर होगा और यह शाम उदित होकर रात भर आकाश में रहेगा। अगर आप वास्‍तविक सबसे बड़े और चमकदार सुपरमून को देखना चाहते हैं तो इसके लिए 24 दिसम्‍बर का इंतजार करना होगा।

सारिका ने बताया कि नये साल के प्रथम सप्‍ताह में जहां चंद्रमा भी पृथ्‍वी के नजदीक आ रहा है और पृथ्‍वी भी सूरज के सबसे पास के बिंदु पर आ रही है तो इस वीकेंड पर पृथ्‍वी के पास स्थित सन एवं मून के साथ नववर्ष 2026 के आगमन की खुशियां मनाइए।_____________

हिन्दुस्थान समाचार / मुकेश तोमर