हिसार : मंत्रियों के आवास पर दो दिवसीय महापड़ाव में शामिल होंगे मजदूर
- Admin Admin
- Jan 06, 2026
हिसार, 06 जनवरी (हि.स.)। श्रम कल्याण बोर्ड में 1500 करोड़ के घोटाले के संबंध
में भवन निर्माण कामगार यूनियन ने मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी से इस्तीफे की मांग की
है। यूनियन ने कहा कि 2014 में नायब सिंह सैनी श्रम मंत्री थे, तब उन्होंने मजदूरों
का पंजीकरण करवाया था परंतु वर्तमान श्रम मंत्री अनिल विंज ने मुख्यमंत्री द्वारा पंजीकृत
मजदूरों को फर्जी बताया हैै।
तहसील प्रधान लीलू राम जांगड़ा व सचिव राकेश गगंवा ने मंगलवार काे बताया कि इसी मसले पर
भवन निर्माण कामगार यूनियन से जुड़े प्रदेश भर में 17 व 18 जनवरी को प्रदेश के मंत्रियों
के आवास पर दो दिवसीय महापड़ाव लगाने जा रहे हैं। मजदूर नेताओं ने कहा कि वर्ष 2014
से 2018 के दौरान पूर्व श्रम मंत्री नायब सैनी द्वारा जगह-जगह कैंप लगाकर लगभग चार
लाख मजदूरों का पंजीकरण किया गया था। राजनीतिक लाभ लेने के लिए इसके बाद 2019 से
2023 के कार्यकाल में श्रम मंत्री अनूप धानक ने पंजीकरण प्रक्रिया को ऑनलाइन करवाया।
मजदूरों से 90 दिन की वर्क-स्लिप ऑनलाइन निकलवाकर हस्ताक्षर करवाए गए। सरकारी विभागों
के अधिकारियों द्वारा 2022 से पहले इन्हीं रिकॉर्डों के आधार पर मजदूरों का पंजीकरण
भी हुआ और उन्हें बोर्ड की सुविधाएं भी मिलीं लेकिन 2022 के बाद अचानक नियम बदले गए
और मजदूरों से डिजिटल वर्क-स्लिप की नई शर्त थोप दी गई। वर्क-स्लिप सत्यापन की शक्ति
पंचायत सचिव, पटवारी, लेबर इंस्पेक्टर आदि अधिकारियों को दे दी गई, जिससे मजदूर पूरी
तरह अधिकारियों की मनमर्जी पर निर्भर हो गया।
हिन्दुस्थान समाचार / राजेश्वर



