एम्स विजयपुर में कथित फर्जी नियुक्तियों को लेकर फिर प्रदर्शन कार्रवाई के आश्वासन पर प्रदर्शन समाप्त।
- Editor Chief
- Aug 21, 2026
सांबा स्टेट समाचार : एम्स विजयपुर में अस्थायी नियुक्तियों को लेकर उठे विवाद के बीच शुक्रवार को एक बार फिर एम्स विजयपुर में विरोध प्रदर्शन हुआ। बजरंग दल के नेतृत्व में दर्जनों युवाओं और कथित तौर पर ठगी के शिकार लोगों ने एम्स परिसर में प्रदर्शन कर मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग उठाई। बजरंग दल के कार्यकर्ता दल के प्रांतीय प्रधान अंशु शर्मा के नेतृत्व में एम्स के सामने इक्कठे हुए और फिर नारेबाजी करते हुए एम्स के मुख्य गेट पर पहुंचे यहां पर पहले से गेटों को ताले लगाकर बंद कर दिया था और सुरक्षाकर्मी पुलिस व एम्स के सुरक्षा गार्ड पहले से मौजूद थे
वही प्रदर्शनकारी तीसरे गेट की तरफ बढ़े और वहां पर मौजूद पुलिस एम्स सिक्योरिटी ने उन्हें रोकने का प्रयास किया लेकिन कुछ प्रदर्शनकारी गेट को फांद कर अंदर घुस गए वहीं बाद में गेट खोल दिया गया और सभी अंदर पहुंचकर एम्स निदेशक के कार्यालय के बाहर पहुंच कर नारे बाजी शुरू कर दी। वहीं कार्यालय के बाहर धरने पर बैठ गए।प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि एम्स में विभिन्न सेवाओं का संचालन करने वाली निजी कंपनियों ने नौकरी दिलाने के नाम पर कई बेरोजगार युवाओं से कथित तौर पर लाखों रुपये लिए हैं। कुछ युवाओं ने नौकरी की उम्मीद में कर्ज तक लिया, लेकिन संबंधित कंपनियों का टेंडर समाप्त होने के बाद उन्हें सेवा से बाहर कर दिया गया।
इससे प्रभावित युवाओं के सामने रोजगार के साथ-साथ कर्ज चुकाने का संकट भी खड़ा हो गया है। बजरंग दल के प्रांतीय पदाधिकारी अंशु शर्मा और राहुल शर्मा के नेतृत्व में हुए प्रदर्शन के दौरान संगठन ने एम्स प्रबंधन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए कहा कि रोजगार के नाम पर युवाओं के साथ कथित धोखाधड़ी करने वाली निजी कंपनियों की भूमिका की जांच होनी चाहिए। प्रदर्शनकारियों ने सेवा से हटाए गए युवाओं को दोबारा काम पर रखने तथा दोषियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की मांग की।
वक्ताओं ने कहा कि एम्स क्षेत्र के लोगों के लिए महत्वपूर्ण संस्थान है और स्थानीय युवाओं को रोजगार के अवसरों में प्राथमिकता मिलनी चाहिए। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि मामले में उचित कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन को आगे भी जारी रखा जाएगा। गौरतलब है कि पिछले आठ दिनों में एम्स प्रबंधन के खिलाफ यह दूसरा प्रदर्शन है। प्रदर्शन के दौरान एम्स निदेशक प्रो. डॉ. डीएन शर्मा ने प्रदर्शनकारियों से बातचीत कर मामले की गंभीरता से जांच करवाने का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि 15 दिनों के भीतर ही कार्रवाई की जाएगी।इसके बाद बजरंग दल के नेताओं ने प्रबंधन को 15 दिन का समय देते हुए सभी मामलों की निष्पक्ष जांच और दोषियों पर कार्रवाई की मांग दोहराई। आश्वासन के बाद प्रदर्शन समाप्त कर दिया गया।

