इटानगर, 08 जनवरी (हि.स.)। अरुणाचल प्रदेश के भ्रष्टाचार-विरोधी ब्यूरो (एसीबी) ने लाडा-सरली फ्रंटियर हाईवे से जुड़े करोड़ों रुपये के भूमि मुआवजा घोटाले में दलाली के आरोप में दो व्यक्तियों को गिरफ्तार किया है। एसीबी अधिकारियों ने गुरुवार को यह जानकारी दी।
ये गिरफ्तारियां पूर्वी कामेंग जिले में भूमि मुआवजे के आवंटन में कथित हेराफेरी से संबंधित केस संख्या 13/2025 के तहत की गई है।
आरोपितों की पहचान तासोमोरा गांव के राजो ग्याडी (46) और सेप्पा की टी-II कॉलोनी के यायो यांगफो (36) के रूप में हुई है।
एसीबी के अनुसार, ग्याडी ने तत्कालीन जिला भूमि अभिलेख एवं निपटान अधिकारी (डीएलआरएसओ) ताकम केचक के साथ मिलीभगत करके कुछ लाभार्थियों के पक्ष में मुआवजे की राशि में धोखाधड़ी कर बढ़ोत्तरी की थी।
जांचकर्ताओं ने बताया कि इस गिरोह ने लाभार्थियों से कुल 19.51 करोड़ रुपये की रिश्वत वसूली, जिसमें से अकेले ग्यादी को 1.96 करोड़ रुपये पोस्ट-डेटेड चेक के जरिए मिली, जो उनके निजी और कंपनी से जुड़े बैंक खातों में भेजे गए थे।
एसीबी ने बताया कि यांगफो ने कथित तौर पर पोस्ट-डेटेड चेक के जरिए रिश्वत की रकम पहुंचाने में अहम भूमिका निभाई और उन पर लाभार्थियों के खातों से लेनदेन की सुविधा देकर 1.77 करोड़ रुपये वसूलने का आरोप है, जो कुल रिश्वत राशि में शामिल है।
अधिकारियों ने बताया कि इस जांच के चलते एक अन्य आरोपी यायो यांगफो को भी गिरफ्तार किया गया है, जिसकी पूछताछ से जांचकर्ताओं को महत्वपूर्ण वित्तीय लेन-देन का पता लगाने में मदद मिली।
एसीबी अधिकारियों ने कहा कि जांच आगे बढ़ने और वित्तीय साक्ष्यों की छानबीन के साथ-साथ और गिरफ्तारियां होने की संभावना है। भ्रष्टाचार के प्रति सरकार के सख्त रुख को दोहराते हुए, एजेंसी ने नागरिकों से रिश्वतखोरी से संबंधित शिकायतें इटानगर पुलिस स्टेशन में या हेल्पलाइन के माध्यम से दर्ज कराने का आग्रह किया।
हिन्दुस्थान समाचार / तागू निन्गी



