स्तन कैंसर की जांच के लिए वाराणसी में चलेगा नमो शक्ति रथ
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- Jan 09, 2026
वाराणसी, 09 जनवरी(हि. स.)। वाराणसी के मुख्य विकास अधिकारी प्रखर कुमार सिंह ने बताया कि प्रधानमंत्री मोदी के “स्वस्थ नारी–सशक्त परिवार” अभियान से प्रेरित नमो शक्ति रथ महिलाओं में स्तन कैंसर की जांच के लिए वाराणसी लोकसभा क्षेत्र में चलेगा। महिलाओं में स्तन कैंसर की जल्दी पहचान, निवारक देखभाल और मुफ़्त घर-घर स्क्रीनिंग के माध्यम से समय रहते उपचार की सुविधा दी जाएगी।
उन्होंने बताया कि इस नमो शक्ति रथ का संचालन मण्डल आयुक्त एस. राजलिंगम एवं जिलाधिकारी सत्येंद्र कुमार के दिशा निर्देशन में आईटीवी फाउंडेशन के सहयोग से चलाया जाएगा। जो नीति, तकनीक और ज़मीनी क्रियान्वयन के बीच सशक्त तालमेल का उदाहरण है। इस पहल में डव्लूएचओ द्वारा अनुशंसित कैंसर रोकथाम की सर्वोत्तम वैश्विक प्रथाओं को स्थानीय स्तर पर व्यवहार में लाया जा रहा है। महिलाओं में स्तन कैंसर एक गंभीर स्वास्थ्य, सामाजिक और आर्थिक चुनौती बन चुका है। स्तन कैंसर भारतीय महिलाओं में सबसे आम कैंसर है, जिसमें प्रतिवर्ष लाखों नए मामले सामने आते हैं और लगभग 60 प्रतिशत मामलों का पता देर से तीसरे या चौथे स्टेज में चलता है। जिसे समय पर स्क्रीनिंग से काफी हद तक रोका जा सकता है। मोबाइल वैन नमो शक्ति रथ के माध्यम से डोर स्टेप स्क्रीनिंग मॉडल के माध्यम से उन महिलाओं तक पहुंच बनाई जायेगी, जो अब तक स्वास्थ्य सेवाओं से वंचित रही हैं।
ग्रामीण और अर्ध-शहरी क्षेत्रों में दूरी, लागत, समय और सामाजिक झिझक जैसी बाधाओं को देखते हुए मोबाइल स्क्रीनिंग वैन को सबसे प्रभावी माध्यम माना गया है। यह मॉडल महिलाओं को समानता, गरिमा और सुलभ स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करेगी।
उन्होंने कहा कि नमो शक्ति रथ पहल में स्तन कैंसर स्क्रीनिंग के लिए एआई-पावर्ड थर्मल इमेजिंग तकनीक (थर्मलाइटिक्स) का उपयोग किया जायेगा, जो नॉन-इनवेसिव, रेडिएशन-फ्री और बिना सम्पर्क की जांच पद्धति है। इस पहल को सर्वप्रथम वाराणसी के 290 ग्राम पंचायतें, नगर निगम के 92 वार्डों एवं गंगापुर के 12 वार्डों में प्रारम्भ किया जा रहा है। इसके तहत लगभग 7.50 लाख महिलाएं 18 वर्ष से अधिक आयु वर्ग की हैं, जिन तक पहुंच बनाकर स्तन कैंसर की स्क्रीनिंग किया जाना है। इस कार्यक्रम के लिए 20 नमो शक्ति वैन का संचालन किया जाएगा।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डा. राजेश प्रसाद ने बताया कि इस कार्यक्रम में आशा कार्यकर्ताओं, एएनएम, सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारियों (सीएचओ) और पंचायत कर्मियों के सहयोग से समुदाय में जागरूकता एवं महिलाओं को निर्धारित स्थलों पर स्क्रीनिंग कराने जैसे अन्य महत्वपूर्ण कार्य किये जाएंगे। इस कार्यक्रम को जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग के समन्वय से संचालित किया जा रहा है। वैन शेड्यूलिंग, रूटिंग और जमीनी स्तर पर क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जा रहा है। नमो शक्ति रथ पहल से महिलाओं में कैंसर की समय पर पहचान, बेहतर फॉलो-अप, गुणवत्तापूर्ण उपचार और सामुदायिक विश्वास में उल्लेखनीय वृद्धि की उम्मीद है। यह कार्यक्रम न केवल वाराणसी बल्कि प्रदेश और देश के लिए महिला-केंद्रित निवारक स्वास्थ्य सेवा का एक अनुकरणीय मॉडल बन सकता है। इस कार्यक्रम के संचालन हेतु अधिकारियों के स्तर पर बैठकें कर कार्य योजना बनाई जा चुकी है।
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हिन्दुस्थान समाचार / शरद



