एक जैसे नाम बने धमकी की वजह, आरोपित का कुबूलनामा

कानपुर, 14 जनवरी (हि.स.)। सचेण्डी थाना क्षेत्र अंतर्गत नाबालिग सामूहिक दुष्कर्म मामले में पीड़िता के भाई को व्हाट्सएप पर धमकी देने वाले युवक को सीतापुर से गिरफ्तार कर लिया गया है। पूछताछ के दौरान उसने बताया कि उसका और वादी का नाम अमित है और आरोपित दरोगा का नाम भी अमित है। उसे लगा कि इस मामले में अमित की बदनामी हो रही है इसलिए उसने पीड़िता के भाई को धमकी भरा मैसेज भेजा था।

पुलिस उपायुक्त पश्चिम एसएम कासिम आबिदी ने बुधवार को प्रेस वार्ता करते हुए बताया कि सामूहिक दुष्कर्म नाबालिक के भाई को व्हाट्सएप पर धमकी भरा मैसेज भेजा गया था। जिसमें लिखा था। देखो दरोगा जी की नौकरी के साथ मत खेलो... वह गलत नहीं है। तुम उनको जानते हो वह बहुत शरीफ हैं। उनका नाम खराब मत करो.. उनको समाज की सेवा करने दो। उनकी जमानत हो चुकी है। कोई हेल्प नहीं करेगा तुम्हारी...सात जन्मों तक आंसू भी ना छोड़ेंगे. ऐसी लाइफ जी पाओगे तुम्हें शर्म नहीं आती। जिन पर विश्वास करते हो वही तुम्हें छोड़ जाएंगे। बाद में रोना आएगा तो रो भी नहीं पाओगे।

पीड़ित की तहरीर पर मुकदमा दर्ज करते हुए जब नंबर को सर्विलांस पर लगाया गया। तो आरोपित की पहचान परसेंडी थाना तालगांव सीतापुर निवासी अमित त्रिवेदी के रूप में हुई। वह डीजे संचालक है। शुरुआती पूछताछ में उसने बताया कि मेरा नाम, आरोपित दरोगा का नाम और पीड़िता के भाई का नाम भी अमित है। मुझे ऐसा लगा कि अमित नाम को बार-बार क्यों बदनाम किया जा रहा है? इसलिए मैंने उसे धमकी भरा मैसेज भेजा था। बाकी मेरी किसी से कोई ना तो दुश्मनी है और ना ही दोस्ती।

जब उससे पूछा गया कि उसे पीड़िता के भाई का नंबर कहां से मिला? तो उसने बताया कि सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो जिसमें घटना के दूसरे दिन पुलिस चौकी में पीड़िता और दरोगा के बीच बातचीत हो रही थी। उसी पूछताछ के दौरान उसने नंबर सेव कर लिया था। डीसीपी ने कहा कि फिलहाल आरोपित से पूछताछ जारी है। पूछताछ और जांच के दौरान जो भी तथ्य प्रकाश में आएंगे। उसके हिसाब से कार्रवाई की जाएगी।

हिन्दुस्थान समाचार / रोहित कश्यप