गाेवंश अवशेष की बरामदगी पर विहिप का प्रशासन को चेतावनी

कानपुर, 13 जनवरी (हि.स.)। गाेवंश हिन्दू समाज की आस्था, संस्कृति और परंपरा का अभिन्न अंग है। इसके बावजूद कानपुर एवं आसपास के क्षेत्रों में बार-बार लगातार गौवंश के मांस व हड्डियों की बरामदगी और उससे जुड़ी घटनाओं का सामने आना यह दर्शाता है कि प्रशासन का रवैया अत्यंत लचर, असंवेदनशील एवं गैर-जिम्मेदाराना है। यह बातें मंगलवार को विहिप के विभाग मंत्री गौरांग ने कही।

कानपुर एवं आसपास जैसे बिल्हौर औरैया आदि में लगातार सामने आ रही गौवंश के मांस से जुड़ी घटनाओं को लेकर आज विश्व हिन्दू परिषद् एवं हिन्दू जागरण मंच की एक संयुक्त बैठक विहिप कार्यालय दुर्गा भवन में सम्पन्न हुई। बैठक में दोनों संगठनों के पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने गहरी चिंता, रोष एवं आक्रोश व्यक्त किया।

विश्व हिन्दू परिषद और हिन्दू जागरण मंच का स्पष्ट मत है कि यदि प्रशासन समय रहते सख्त निगरानी, प्रभावी खुफिया तंत्र और कानून का कठोरता से पालन करता, तो ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति नहीं होती। कुछ प्रशासनिक अधिकारियों की अपराधियों से संलिप्तता के चलते उनकी सह पर गौमांस की तस्करी बड़े पैमाने पर हो रही है और हर बार घटना के बाद केवल औपचारिक कार्रवाई करना हिन्दू समाज की भावनाओं के साथ खिलवाड़ है।

बैठक में प्रशासन से मांग की गई कि गौवंश से जुड़े मामलों में शून्य सहनशीलता की नीति अपनाई जाए। अवैध गौहत्या, तस्करी एवं प्रतिबंधित मांस कारोबार में संलिप्त सभी दोषियों की तत्काल गिरफ्तारी सुनिश्चित की जाए तथा इस प्रकार की घटनाओं में लापरवाही बरतने वाले प्रशासनिक एवं पुलिस अधिकारियों के विरुद्ध कठोर दंडात्मक कार्रवाई की जाए। साथ ही संवेदनशील क्षेत्रों में स्थायी निगरानी, नियमित जांच और कानून के प्रभावी क्रियान्वयन की व्यवस्था की जाए।

विश्व हिन्दू परिषद के विभाग मंत्री गौरांग ने स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि प्रशासन शीघ्र एवं निर्णायक कदम उठाने में विफल रहता है, तो हिन्दू समाज को जनआंदोलन के लिए बाध्य होना पड़ेगा, जिसकी सम्पूर्ण जिम्मेदारी प्रशासन की होगी।

बैठक में विहिप विभाग संगठन मंत्री मनीष, हिन्दू जागरण मंच के प्रान्त संयोजक पीयूष रंजन, बजरंग दल विभाग संयोजक नरेश तोमर समेत विहिप तथा हिन्दू जागरण मंच के कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

हिन्दुस्थान समाचार / रोहित कश्यप