गंगा में मलजल गिराने के मामले में अलकनंदा क्रूज संचालक पर लगा पांच हजार जुर्माना

वायरल वीडियो

—प्रदूषण नियंत्रण विभाग ने मामले में नोटिस जारी कर जवाब तलब किया

वाराणसी,14 जनवरी (हि.स.)। उत्तर प्रदेश की धार्मिक नगरी वाराणसी में रविदासघाट पर खड़े अलकनंदा क्रूज से पवित्र गंगा नदी में मल गिराने के मामले में प्रदूषण नियंत्रण विभाग ने सख्त रूख अपनाया है। विभाग ने क्रूज संचालक पर 5,000 रूपये का अर्थदंड लगाया है। विभाग ने जुर्माने के साथ क्रूज प्रबंधन को नोटिस जारी कर जबाब तलब किया है।

दरअसल पिछले दिनों रविदासघाट पर खड़े अलकनंदा क्रूज से सीधे गंगा नदी में मलजल गिरने का वीडियो वायरल हुआ था। इसको लेकर आम श्रद्धालुओं के साथ गंगा के स्वच्छता और पर्यावरण सरंक्षण से जुड़े सामाजिक कार्यकर्ताओं ने सोशल मीडिया के जरिए नाराजगी जताई थी। इसके बाद जिला प्रशासन ने मामले को संज्ञान लेकर निष्पक्ष जांच के लिए टीम का गठन किया था। जांच कमेटी की रिपोर्ट में विसंगतियां सामने आई। इस रिपोर्ट के आधार पर न केवल जुर्माना लगाया गया है, बल्कि क्रूज प्रबंधन से इस लापरवाही पर लिखित स्पष्टीकरण भी मांगा गया है। जिला प्रशासन ने फिलहाल क्रूज लाइन को भविष्य में ऐसी गलती न दोहराने की चेतावनी भी दी है।

जिलाधिकारी सत्येंद्र कुमार ने बताया कि जांच रिपोर्ट के आधार पर अलकनंदा क्रूज संचालित करने वाली कंपनी पर पांच हजार रुपये का जुर्माना लगाया गया है। उधर, क्रूज प्रबंधन का कहना है कि घाट पर खड़े क्रूज के जिस स्थान से मल गिरता दिखाई दिया, वह इमरजेंसी वाल्व था, उसकी जांच चल रही थी। इसी दौरान क्रूज के किसी स्टाफ ने शौचालय का उपयोग कर लिया , जिससे मल सेप्टिक टैंक में जाने के बजाय इमरजेंसी वाल्व के रास्ते सीधे गंगा में गिरने लगा।

हिन्दुस्थान समाचार / श्रीधर त्रिपाठी