मजदूरी से उद्यमिता : अयान मंसूरी बने सफल स्वरोजगार की मिसाल
- Admin Admin
- Jan 10, 2026
देहरादून, 10 जनवरी (हि.स.)। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के आत्मनिर्भर उत्तराखंड के विजन और स्वरोजगार को बढ़ावा देने की प्रतिबद्धता का सकारात्मक प्रभाव अब जमीनी स्तर पर दिखायी देने लगा है। मुख्यमंत्री स्वरोजगार योजना के माध्यम से आम नागरिक अपने सपनों को साकार कर आत्मनिर्भर बन रहे हैं। पौड़ी जिले के विकासखण्ड दुगड्डा के अन्तर्गत पदमपुर निवासी 46 वर्षीय अयान मंसूरी ने भी मुख्यमंत्री स्वरोजगार योजना का लाभ लेकर सफलता की प्रेरक कहानी लिखी है।
आठवीं कक्षा तक शिक्षित अयान मंसूरी सात सदस्यीय परिवार का भरण-पोषण पहले मजदूरी करके करते थे, लेकिन स्वयं का व्यवसाय स्थापित करने की प्रबल इच्छा उन्हें आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करती रही। मुख्यमंत्री स्वरोजगार योजना की जानकारी प्राप्त कर अयान मंसूरी ने रजाई एवं गद्दा निर्माण को अपने व्यवसाय के रूप में चुना। जिला उद्योग केन्द्र द्वारा उन्हें पूरी प्रक्रिया में मार्गदर्शन प्रदान किया गया तथा आवश्यक दस्तावेजों के संकलन में सहयोग किया गया।
वर्ष 2024-25 में सेन्ट्रल बैंक ऑफ इंडिया कोटद्वार के माध्यम से 10 लाख रुपये का ऋण स्वीकृत होने के पश्चात अयान मंसूरी ने अपना व्यवसाय प्रारम्भ किया। आज उनका उद्यम न केवल सफलतापूर्वक संचालित हो रहा है, बल्कि इसके माध्यम से तीन अन्य स्थानीय लोगों को भी रोजगार उपलब्ध कराया जा रहा है।
वर्तमान में अयान मंसूरी के व्यवसाय का मासिक टर्नओवर लगभग 3 लाख है तथा वे प्रतिमाह 25 हजार से 30 हजार तक का शुद्ध लाभ अर्जित कर रहे हैं। अयान मंसूरी का कहना है कि मुख्यमंत्री धामी की ओर से शुरू की गयी मुख्यमंत्री स्वरोजगार योजना ने उन्हें आत्मनिर्भर बनने का अवसर प्रदान किया है और आज वे सम्मानपूर्वक अपने परिवार का जीवनयापन कर पा रहे हैं।
जिला उद्योग केन्द्र की प्रबंधक उपासना सिंह ने बताया कि मुख्यमंत्री स्वरोजगार योजना का उद्देश्य पात्र लाभार्थियों को स्वरोजगार के लिए वित्तीय एवं तकनीकी सहयोग प्रदान कर उन्हें आत्मनिर्भर बनाना है। उन्होंने कहा कि अयान मंसूरी जैसे लाभार्थियों की सफलता इस योजना की प्रभावशीलता को दर्शाती है। जिला उद्योग केन्द्र द्वारा योजना के तहत आवेदन से लेकर ऋण स्वीकृति एवं व्यवसाय प्रारम्भ होने तक निरन्तर मार्गदर्शन एवं सहयोग दिया जाता है, ताकि अधिक से अधिक लोग इस योजना का लाभ लेकर अपने उद्यम स्थापित कर सकें।
--------------
हिन्दुस्थान समाचार / डॉ विनोद पोखरियाल



