नगर निगम के बिल्डिंग विभाग पर भ्रष्टाचार के आरोप:विजिलेंस ने तेज की जांच, रविंद्रपाल चड्ढा को किया तलब
- Admin Admin
- Jan 19, 2026
जालंधर शहर में अवैध इमारतों के निर्माण और नगर निगम अधिकारियों की मिलीभगत के मामले अब विजिलेंस ब्यूरो के राडार पर आ गए हैं। आरटीआई एक्टिविस्ट रविंद्रपाल सिंह चड्ढा द्वारा की गई शिकायतों के बाद, विजिलेंस ब्यूरो ने मामले को गंभीरता से लेते हुए उन्हें बयान दर्ज कराने के लिए तलब किया है। मिलीभगत के लगे गंभीर आरोप रविंद्रपाल सिंह चड्ढा ने आरोप लगाया है कि नगर निगम के अधिकारियों और बेलदारों की मिलीभगत के कारण अवैध निर्माणों के खिलाफ कोई ठोस कार्रवाई नहीं हो रही है। बताया जा रहा है कि जिन इमारतों को पहले नियमों के उल्लंघन के कारण सील किया गया था, उनकी सील अब खुल चुकी है और वहां बिना किसी डर के व्यवसायिक गतिविधियां जारी हैं। जांच के घेरे में आई ये प्रमुख इमारतें: पटेल चौक: पास में स्थित ढाबे। टैगोर अस्पताल: चांप वाली दुकान के बगल वाली इमारत आहूजा छोले-भटूरे वाली गली: कॉमर्शियल बिल्डिंग्स। अन्य क्षेत्र: मेहरा ट्रांसपोर्ट, सतनाम कार वॉश, गुलाबदेवी रोड (ईदगाह के पास) और भगवानदासपुरा में बनी दो मंजिला व्यवसायिक इमारत। रिहायशी इलाके जे.पी. नगर और आदर्श नगर बने कॉमर्शियल हब जालंधर इंप्रूवमेंट ट्रस्ट द्वारा रेजिडेंशियल कॉलोनियों के रूप में विकसित किए गए जे.पी. नगर और आदर्श नगर अब पूरी तरह से व्यापारिक केंद्रों में तब्दील हो चुके हैं। यहां पुरानी कोठियों को तोड़कर बड़ी व्यावसायिक इमारतें खड़ी कर दी गई हैं। लोगों की बढ़ी मुश्किलें आरटीआई एक्टिविस्ट रवि छाबड़ा ने निगम कमिश्नर को लिखित शिकायत भेजी है कि आदर्श नगर गुरुद्वारा साहिब के पास भी अवैध निर्माण जारी है। इन व्यावसायिक गतिविधियों के कारण क्षेत्र में निम्नलिखित समस्याएं पैदा हो रही हैं:ट्रैफिक की समस्या: रिहायशी गलियों में वाहनों का दबाव बढ़ गया है पार्किंग का अभाव: ग्राहकों की गाड़ियां सड़कों पर खड़ी होने से जाम की स्थिति बनी रहती है मूल योजना तबाह: कॉलोनी का रिहायशी स्वरूप पूरी तरह से बिगड़ चुका है। कानूनी कार्रवाई की चेतावनी एडवोकेट ब्रिजेश चोपड़ा ने पहले ही जे.पी. नगर मेन रोड को कॉमर्शियल किए जाने के विरोध में नगर निगम को लीगल नोटिस भेजा हुआ है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि यदि निगम ने तुरंत सख्त कार्रवाई नहीं की, तो पूरा इलाका बेलगाम व्यवसायिक गतिविधियों की चपेट में आ जाएगा।



