लुधियाना में लड़की गायब होने के 10 महीने बादFIR:फरवरी में किया था बेटी ने मैसेज-मां एक कमरे में हूं, पुलिस को मत बताना ये मार देंगे
- Neha Gupta
- Jun 11, 2026
लुधियाना में पीसीटीई कॉलेज से लैब टैक्निशियन का कोर्स करने वाली एक युवती 10 महीने पहले यानि अगस्त 2025 में गायब हुई। युवती के माता-पिता ने पुलिस को अगले दिन शिकायत दी कि उनकी बेटी को संदीप यादव ने अपनी गिरफ्तर रखा है, पर पुलिस ने उनकी शिकायत को गंभीरता से नहीं लिया। बेटी के गायब होने के गम में दो महीने बाद ही पिता की मौत हो गई। मां बेटी को ढूंढने की कोशिश करती रही लेकिन पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की। आखिरी बार फरवरी महीने में बेटी ने मां को मैसेज किया और कहा कि मां इन्होंने मुझे एक कमरे में रखा है। मिलने आना है तो आ जा। जिस पर मां ने उसे कहा कि वो पुलिस को लेकर आती है तू बता कहां पर है। जिस पर बेटी ने कहा कि अगर तू पुलिस लेकर आई तो ये मुझे मार देंगे और फिर किसी अन्य शहर में भेज देंगे। आरोपी संदीप यादव युवती के संपर्क में कैसे आया, जानिए.. पापा की डेथ पर बोली थी, मैं आउंगी युवती की मां ने बताया कि बेटी 17 अगस्त 2025 को घर से गई और अक्तूबर में उसके पापा की डेथ हो गई। उसने जब अपने पापा की डेथ के बारे में सुना तो इंस्टाग्राम के जरिए कॉल की और कहा कि वो आना चाहती है। उसी दौरान जिसने उसे अवैध हिरासत में रखा है वो आ गया और उसने कह दिया कि आज के बाद कॉन्टेक्ट मत करना। वह कॉल पर रोती हुए सुनाई दी। उसके बाद उसने इंस्टाग्राम भी बंद कर दिया। बेटी बोली-मां कभी फोन आएगा तो समझना ये करवा रहे हैं युवती की मां ने बताया कि फरवरी 2026 में फिर से उसका एक दिन मैसेज आया। मैसेज में उसने कहा कि मुझे एक कमरे में रखा है। मां तू मिलने आ जा। मां ने कहा कि वो इस संबंध में पुलिस के पास जा रही है। तो बेटी ने कह दिया कि इनको पता चलेगा तो ये बहुत मारेंगे और कहीं और ले जाएंगे। बेटी ने फिर मैसेज करके कहा कि मां कभी भी फोन करूंगी या इंस्टाग्राम से बात करूंगी तो समझ लेना कि ये करवा रहे हैं इसलिए तू ध्यान से बात करना। मां का कहना है कि उस दिन के बाद बेटी से बात नहीं हुई। पुलिस थाने के चक्कर लगाती रही महिला का कहना है कि बेटी के गायब होने से पहले ही वो सदमे में थी ऊपर से बेटी के गम में पति की मौत हो गई। अब मेरे साथ 15 साल का बेटा है। उसके बावजूद में थाने के चक्कर लगा रही थी लेकिन पुलिस ने न तो बेटी को ढूंढने का प्रयास किया और न ही एफआईआर दर्ज की। अब एक नेता से सहयोग मांगा तो उनके कहने पर अब 10 महीने बाद पर्चा दर्ज हुआ है। मेरी बेटी एक बार मेरे सामने आ जाए मां का कहना है कि जो आरोपी संदीप यादव मेरी बेटी को लेकर गया है वो एक बार मेरी बेटी मेरे सामने ले आए। अगर मेरी बेटी उसके साथ ही रहना चाहेगी तो मैं खुशी से भेज दूंगी। उसका कहना है कि मेरी बेटी को उसने जबरन रखा है और हमसे संपर्क करने नहीं देता है। उनका कहना है कि आरोपी बेटी के साथ क्या कर रहा है उन्हें नहीं पता लेकिन बेटी की बातों से स्पष्ट है कि उसे टॉर्चर किया जा रहा है। शिकायत मिली तो दर्ज कर दी एफआईआर डाबा थाने के जांच अधिकारी राज गोपाल का कहना है कि उन्हें यह फाइल जैसे ही मार्क हुई उन्होंने तुरंत अफआइआर दर्ज कर दी। अब लड़की व आरोपी की लोकेशन ट्रेस की जा रही है। जल्दी ही लड़की को बरामद कर दिया जाएगा। उनका कहना है कि पहले शिकायत थी या नहीं इस बारे में उन्हें नहीं पता।

