इंग्लैंड से आई श्रद्धालु, चिंतपूर्णी में सोने का छत्र चढ़ाया:मंदिर में 11 दिन सेवा भी की; बोलीं-6 साल पहले मांगी मन्नत पूरी हुई

हिमाचल प्रदेश के ऊना स्थित विश्वविख्यात शक्तिपीठ चिंतपूर्णी मंदिर में इंग्लैंड के नॉटिंघम से आईं महिला श्रद्धालु सीमा देवी ने माता रानी के दरबार में सोने का छत्र चढ़ाया। यह छत्र लगभग 26 ग्राम वजनी है, जिसे सीमा देवी ने अपनी मन्नत पूरी होने पर अर्पित किया। सीमा देवी अपने दोनों बेटों हरप्रीत और मनप्रीत के विदेश में सेटल होने की मनोकामना पूरी होने पर माता रानी का शुकराना करने के लिए इंग्लैंड से चिंतपूर्णी पहुंची। इस दौरान उन्होंने न सिर्फ सोने का छत्र चढ़ाया, बल्कि मंदिर में 11 दिन सेवा भी की। इस दौरान चिंतपूर्णी मंदिर ट्रस्ट की ओर से उन्हें माता की चुनरी भेंट कर सम्मानित किया गया। महिला मूल रूप से पंजाब की रहने वाली है। 11 दिन लंगर में सेवा की सीमा देवी ने 11 दिन तक लंगर में सेवा कार्य भी किए। झाड़ू उठाकर मंदिर में साफ सफाई की। सीमा ने बताया कि माता चिंतपूर्णी में उनकी अटूट श्रद्धा है और माता की कृपा से उनके दोनों बेटों की मन्नत पूरी हुई है। सेवा कार्य पूर्ण करने के बाद उन्होंने श्रद्धा भाव से माता के चरणों में सोने का छत्र चढ़ाया। 6 साल पहले मांगी बेटे के विदेश में बसने की अरदास: सीमा सीमा ने बताया कि करीब छह वर्ष पूर्व उन्होंने चिंतपूर्णी मंदिर में अपने दोनों बेटों के विदेश में बसने की अरदास की थी। माता रानी की कृपा से उनकी यह मन्नत पूरी हुई और अब उनके दोनों बेटे अपने-अपने परिवारों के साथ इंग्लैंड के नॉटिंघम में रह रहे हैं। सीमा देवी भी वर्तमान में अपने बेटों के साथ नॉटिंघम में ही निवास कर रही हैं।