वित्त विभाग में करप्शन की शिकायतों के बाद सुपरिंटेंडेंट बर्खास्त, 3 को मिली सजा

चंडीगढ़ | वित्तमंत्री हरपाल चीमा ने कहा, किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा। चीमा ने बताया कि 2022 के मध्य में खजाना एवं लेखा शाखा (मुख्यालय) व खजाना कार्यालयों में तैनात 4 कर्मियों के खिलाफ भ्रष्टाचार की शिकायतें मिली थीं। शिकायतें मिलते ही विभाग ने बिना किसी देरी कार्रवाई की है। इन चारों को तुरंत निलंबित कर दिया गया और मामले की जांच के लिए विजिलेंस को सौंप दिया गया। मंत्री ने बताया कि पूर्ण जांच के बाद सुपरिंटेंडेंट ग्रेड-2 को सेवा से बर्खास्त कर दिया गया, जबकि शेष 3 कर्मियों को सेवा नियमों के अनुसार कड़ी सजा दी गई है। चीमा ने बताया कि कानूनी कार्रवाई को तार्किक अंजाम तक पहुंचाया गया है। उन्होंने कहा कि जांच के दौरान विजिलेंस ब्यूरो, अमृतसर रेंज द्वारा बर्खास्त सुपरिंटेंडेंट ग्रेड-2 के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई। आरोपी को 11 जनवरी को गिरफ्तार किया गया और प्रारंभिक हिरासत समाप्त होने के बाद 12 जनवरी को मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट, गुरदासपुर की अदालत में पेश किया गया।