श्री दरबार साहिब में ऐतिहासिक घड़ी फिर सेवा में:गुरु नानक निष्काम सेवक जत्था यूके की पहल, संगत के दर्शनार्थ पुनः स्थापित

अमृतसर श्री दरबार साहिब में गुरु नानक निष्काम सेवक जत्था यूके द्वारा लंबे समय से सोने की सेवा सहित अनेक निष्काम सेवाएं श्रद्धा और समर्पण भाव से निभाई जा रही हैं। इसी सेवा परंपरा के अंतर्गत आज एक अत्यंत महत्वपूर्ण ऐतिहासिक धरोहर को पुनः सेवा में लाया गया है। वर्ष 1900 में, जब तत्कालीन भारत के वायसराय एवं गवर्नर जनरल लॉर्ड कर्जन सच्चखंड श्री हरमंदिर साहिब के दर्शन हेतु पधारे थे, तब उनके द्वारा एल्किंगटन एंड कंपनी की एक विशेष घड़ी भेंट की गई थी। यह घड़ी अपनी उत्कृष्ट कारीगरी और ऐतिहासिक महत्व के कारण विशेष पहचान रखती है, किंतु पिछले लंबे समय से यह घड़ी खराब अवस्था में थी और उपयोग में नहीं थी। अब गुरु नानक निष्काम सेवक जत्था यूके द्वारा, अत्यंत सम्माननीय बाबा महिंदर सिंह के कुशल मार्गदर्शन एवं अगुआई में, इस ऐतिहासिक घड़ी की मरम्मत उसी मूल एल्किंगटन कंपनी से करवाई गई है। मरम्मत के उपरांत इस घड़ी को पुनः सच्चखंड श्री दरबार साहिब में श्रद्धा एवं मर्यादा के साथ स्थापित किया गया है। पूर्ण सम्मान के साथ पुनः स्थापित किया गया यह घड़ी उसी स्थान पर सजाई गई है जहां पहले भी स्थापित रहती थी, अर्थात मत्था टेकने के पश्चात रागी सिंहों वाली ओर परिक्रमा के ऊपर। माननीय प्रधान SGPC हरजिंदर सिंह जी धामी के निर्देशानुसार इसे पूर्ण सम्मान के साथ पुनः स्थापित किया गया। यह विशेष घड़ी एक बार चाबी देने पर लगभग एक सप्ताह तक बिना पुनः चाबी दिए चलती रहती है, जो इसकी उत्कृष्ट कारीगरी और तकनीकी गुणवत्ता को दर्शाती है। सच्चखंड श्री दरबार साहिब प्रबंधन की ओर से गुरु नानक निष्काम सेवक जत्था यूके तथा विशेष रूप से बाबा महिंदर सिंह जी का हृदय से आभार व्यक्त किया जाता है, जिन्होंने इस ऐतिहासिक धरोहर को पुनः सेवा में लाकर संगत के दर्शनार्थ समर्पित किया।