लापता बेटियों की तलाश में अभियान चलाएगी पुलिस

डीजीपी अजय सिंघल ने वीडियो कान्फ्रेंस के जरिए राज्य के 700 पुलिस अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की। इसमें राज्य की कानून-व्यवस्था व्यवस्था को और मजबूत करने के कदम उठाए। 3 घंटे चली बैठक में एडीजीपी, पुलिस आयुक्त, रेंज आईजी, एसपी, एसटीएफ अधिकारी और अन्य वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुई। डीजीपी ने जहां कानून व्यवस्था मजबूत करने की बात कही, वहीं राज्य में लापता लड़कियों की तलाश के लिए विशेष अभियान चलाने को कहा है। उन्होंने सभी जिलों को विस्तृत आंकड़े तैयार करने और लड़कियों की खोज के लिए विशेष, लक्षित अभियान चलाने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि ऐसे मामलों को अत्यंत संवेदनशीलता और तत्परता से निपटा जाना चाहिए और त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने के लिए समर्पित टीमों के गठन का निर्देश दिया। बता दें कि राज्य में वर्ष 2025 में 18 साल से अधिक उम्र की 11 हजार से ज्यादा महिलाएं लापता हुई‌ं। जबकि इससे आयु की करीब तीन हजार बेटियां गायब हो गई। हालांकि पुलिस ने 18 साल से अधिक उम्र की करीब नौ हजार महिलाओं को खोजा, जबकि इससे कम आयु कि 1900 के करीब बेटियों को सुरक्षित लाने में सफल रही। डीजीपी ने हर जिले की कानून-व्यवस्था की समीक्षा की व चुनौतियों पर सुझाव मांगे। दुर्व्यवहार करने वाले कर्मचारियों पर कार्रवाई होगी डीजीपी ने स्पष्ट रूप से कहा कि प्रत्येक पुलिस अधिकारी और कर्मचारी पुलिस परिवार का हिस्सा है, लेकिन कुछ लोगों के दुर्व्यवहार से पूरे बल की छवि धूमिल होती है। ऐसे तत्वों से कानून के अनुसार सख्ती से निपटा जाएगा। सभी कर्मियों से प्रलोभन से दूर रहने और ईमानदारी, निष्ठा और समर्पण के साथ अपने कर्तव्यों का पालन करने का आग्रह किया, साथ ही कहा कि सार्वजनिक सेवा एक विशेषाधिकार है और इसमें ईमानदारी और जवाबदेही झलकनी चाहिए। अपराध नियंत्रण के लिए खुफिया नेटवर्क मजबूत होगा डीजीपी ने अवैध हथियार रखने वालों, यातायात अवरोधों, अवैध शराब व्यापार, मादक पदार्थों की तस्करी, गैंगस्टरों के नेटवर्क, संपत्ति संबंधी अपराधों और अन्य अपराध-प्रवण गतिविधियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई के लिए सख्त निर्देश जारी किए। उन्होंने प्रभावी अपराध नियंत्रण बनाए रखने के लिए खुफिया नेटवर्क को मजबूत करने, तकनीकी क्षमताओं को बढ़ाने, क्षमता निर्माण में सुधार करने और जमीनी स्तर पर मजबूत पुलिस व्यवस्था सुनिश्चित करने पर जोर दिया।