आसनसोल नगर निगम के केंद्रीय स्टोर का औचक निरीक्षण

पश्चिम बर्दवान, 05 जून (हि. स.)। पश्चिम बंगाल की शहरी विकास मंत्री अग्निमित्रा पाल ने शुक्रवार को आसनसोल नगर निगम के कालीपहाड़ी स्थित केंद्रीय स्टोर का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने बड़ी मात्रा में सफाई उपकरण, वाहन और सुरक्षा सामग्री को वर्षों से बिना उपयोग के पड़े देख नाराजगी जताई तथा अधिकारियों से विस्तृत रिपोर्ट तलब की।

मंत्री ने स्टोर में सड़क सफाई के लिए इस्तेमाल होने वाले स्प्रिंकलर वाहन, कचरा संग्रहण गाड़ियां, साइकिल वैन, घरेलू और सामुदायिक डस्टबिन समेत विभिन्न सफाई उपकरणों को लंबे समय से अनुपयोगी अवस्था में पड़ा पाया। उन्होंने अधिकारियों से सवाल किया कि नियमित रूप से टेंडर के माध्यम से सामग्री खरीदे जाने के बावजूद यह सामान सफाई कर्मचारियों और आम लोगों तक क्यों नहीं पहुंच पाया।

निरीक्षण के दौरान लगभग दो हजार जोड़ी गमबूट (रबर या पीवीसी जैसी जलरोधी सामग्री से बने जूते) स्टोर में रखे होने का मामला भी सामने आया। इस पर चिंता जताते हुए मंत्री ने कहा कि जब सफाई कर्मचारियों को नालियों और कचरे की सफाई के दौरान नंगे पैर या साधारण चप्पलों में काम करते देखा जाता है, तब सुरक्षा सामग्री का वर्षों तक गोदाम में पड़े रहना गंभीर लापरवाही को दर्शाता है।

मंत्री पाल ने स्टोर प्रभारी, इंजीनियरों और नगर निगम प्रशासन को निर्देश दिया कि स्टोर में उपलब्ध सभी सामग्रियों की संख्या, वर्तमान स्थिति तथा उनके वितरण और उपयोग की योजना सहित विस्तृत रिपोर्ट तैयार कर शाम तक प्रस्तुत की जाए। उन्होंने कहा कि रिपोर्ट मिलने के बाद नगर निगम प्रशासन से चर्चा कर यह पता लगाया जाएगा कि सामग्री संबंधित कर्मचारियों तक क्यों नहीं पहुंच सकी।

निरीक्षण के दौरान लंबे समय से बेकार पड़े कई कचरा संग्रहण और सड़क सफाई वाहनों पर भी मंत्री की नजर पड़ी। अधिकारियों ने बताया कि बीएस-3 इंजन संबंधी नियमों में बदलाव के कारण कुछ वाहनों का पंजीकरण नहीं हो सका।

इस पर मंत्री अग्निमित्रा ने कहा कि वह परिवहन विभाग से इस विषय पर चर्चा कर समाधान निकालने का प्रयास करेंगी।

पत्रकारों से बातचीत में मंत्री ने कहा कि पिछले लगभग 15 वर्षों से सफाई कर्मचारी आवश्यक संसाधनों के अभाव में कठिन परिस्थितियों में काम कर रहे थे, लेकिन अब ऐसी स्थिति को जारी नहीं रहने दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि यह जांच की जाएगी कि नियमित टेंडर होने के बावजूद खरीदी गई सामग्री का वितरण क्यों नहीं हो पाया।

मंत्री ने स्पष्ट कहा कि जवाबदेही तय की जानी चाहिए। रिकॉर्ड के अनुसार, कितनी सामग्री खरीदी गई, उसका उपयोग क्यों नहीं हुआ और जिनके लिए खरीदी गई थी उनके पास वह क्यों नहीं पहुंची, इन सभी सवालों के जवाब आवश्यक हैं। उन्होंने निर्देश दिया कि उपयोग योग्य सभी उपकरणों और सुरक्षा सामग्रियों को तत्काल जरूरतमंद कर्मचारियों तक पहुंचाया जाए ताकि शहर की सफाई व्यवस्था और कचरा प्रबंधन प्रणाली को और अधिक प्रभावी बनाया जा सके। ---------------

   

सम्बंधित खबर