सीबीएसई मुख्यालय के बाहर एनएसयूआई का प्रदर्शन, मूल्यांकन प्रणाली में पारदर्शिता की मांग
- DSS Admin
- May 30, 2026
नई दिल्ली, 30 मई (हि.स.)। भारतीय राष्ट्रीय छात्र संगठन (एनएसयूआई) के राष्ट्रीय अध्यक्ष विनोद जाखड़ के नेतृत्व में शनिवार को हजारों छात्रों और संगठन के कार्यकर्ताओं ने पटपड़गंज स्थित केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) मुख्यालय के बाहर प्रदर्शन किया। प्रदर्शन का उद्देश्य कथित दोषपूर्ण ऑन-स्क्रीन मार्किंग (ओएसएम) मूल्यांकन प्रणाली और गलत मूल्यांकन की बढ़ती शिकायतों के खिलाफ आवाज उठाना था।
प्रदर्शन के दौरान छात्रों ने मूल्यांकन प्रक्रिया में पारदर्शिता की मांग करते हुए नारेबाजी की और सीबीएसई अधिकारियों से जवाबदेही तय करने की मांग की। प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि कई मेधावी और मेहनती छात्रों को अपेक्षा से कम अंक दिए गए हैं, जिससे छात्रों और अभिभावकों में चिंता और असंतोष का माहौल है।
छात्रों ने कहा कि वर्तमान ओएसएम प्रणाली में कई खामियां हैं, जिसके कारण मूल्यांकन की निष्पक्षता पर सवाल खड़े हो रहे हैं। उनका कहना है कि इस स्थिति ने छात्रों के शैक्षणिक भविष्य को प्रभावित किया है और मानसिक तनाव भी बढ़ाया है।
प्रदर्शनकारियों की प्रमुख मांगों में अपारदर्शी ओएसएम प्रणाली को समाप्त करना, मूल्यांकन में हुई कथित गड़बड़ियों की जवाबदेही तय करना, निष्पक्ष एवं छात्र हितैषी पुनर्मूल्यांकन प्रक्रिया लागू करना तथा छात्रों के शैक्षणिक भविष्य और मानसिक स्वास्थ्य की सुरक्षा सुनिश्चित करना शामिल है।
एनएसयूआई के राष्ट्रीय अध्यक्ष विनोद जाखड़ ने कहा कि सीबीएसई छात्रों के भविष्य के साथ प्रयोग नहीं कर सकता। उन्होंने आरोप लगाया कि मूल्यांकन प्रणाली में खामियों के कारण देशभर के हजारों छात्र प्रभावित हुए हैं। जाखड़ ने कहा कि संगठन प्रभावित छात्रों को न्याय दिलाने के लिए हर स्तर पर संघर्ष जारी रखेगा।
उन्होंने कहा कि प्रत्येक उत्तर पुस्तिका के पीछे छात्रों की वर्षों की मेहनत, सपने और परिवारों के त्याग जुड़े होते हैं, इसलिए मूल्यांकन प्रक्रिया में पूर्ण पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित की जानी चाहिए। उन्होंने सीबीएसई से तत्काल सुधारात्मक कदम उठाने की मांग की।
एनएसयूआई नेताओं ने चेतावनी दी कि जब तक प्रभावित छात्रों को न्याय नहीं मिलता और मूल्यांकन प्रक्रिया में आवश्यक सुधार नहीं किए जाते, तब तक संगठन इस मुद्दे को विभिन्न मंचों पर उठाता रहेगा।------------------

