बंगाल कोयला तस्करी मामले में ईडी की कार्रवाई तेज, सात और कोयला कारोबारियों को समन
- Admin Admin
- Jan 20, 2026
कोलकाता, 20 जनवरी (हि. स.)। पश्चिम बंगाल में करोड़ों रुपये के कोयला तस्करी मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने अपनी जांच तेज कर दी है। केंद्रीय एजेंसी के सूत्रों के अनुसार, ईडी ने इस मामले में सात और कोयला कारोबारियों को पूछताछ के लिए तलब किया है। इसके साथ ही अब तक समन किए गए कोयला कारोबारियों की कुल संख्या 15 हो गई है।
सूत्रों ने बताया कि नए समन आठ जनवरी को इसी मामले से जुड़े आई-पैक के कार्यालय और उसके निदेशक व सह-संस्थापक प्रतीक जैन के आवास पर एक साथ की गई तलाशी के बाद जारी किए गए हैं। इन तलाशी अभियानों के दौरान मुख्यमंत्री ममता बनर्जी प्रतीक जैन के आवास और बाद में उनके साल्टलेक स्थित कार्यालय पहुंची थीं। मुख्यमंत्री ने ईडी पर जांच की आड़ में पार्टी से जुड़े दस्तावेज जब्त करने का आरोप लगाया था। इस दौरान उन्होंने दोनों परिसरों से दस्तावेज, लैपटॉप और मोबाइल फोन अपने साथ ले लिए थे।
इस घटनाक्रम के बाद मामला पहले कलकत्ता हाईकोर्ट और फिर सुप्रीम कोर्ट तक पहुंचा। सुप्रीम कोर्ट ने तलाशी के सिलसिले में ईडी अधिकारियों के खिलाफ पश्चिम बंगाल पुलिस द्वारा दर्ज एफआईआर पर रोक लगा दी। शीर्ष अदालत ने टिप्पणी की कि याचिकाओं में केंद्रीय जांच में राज्य एजेंसियों के कथित हस्तक्षेप से जुड़े गंभीर सवाल उठते हैं।
न्यायमूर्ति प्रशांत कुमार मिश्रा और न्यायमूर्ति विपुल पंचोली की पीठ ने ईडी की याचिकाओं पर पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी, पुलिस महानिदेशक राजीव कुमार, कोलकाता पुलिस आयुक्त समेत अन्य को नोटिस जारी किया। अंतरिम आदेश में अदालत ने तलाशी वाले परिसरों और आसपास के क्षेत्रों के सीसीटीवी फुटेज व अन्य रिकॉर्डिंग डिवाइस को अगली सुनवाई तक सुरक्षित रखने का निर्देश भी दिया।
इन घटनाओं के बीच ईडी ने पश्चिम बंगाल और झारखंड में सक्रिय कोयला तस्करी नेटवर्क पर फिर से ध्यान केंद्रित किया है। अब तक कई कोयला कारोबारियों से पूछताछ की जा चुकी है और उनसे मिली जानकारी के आधार पर अन्य संदिग्धों के नाम सामने आए हैं। इसी क्रम में सात और कोयला कारोबारियों को समन जारी किया गया है।
बताया जा रहा है कि इन लोगों से मुख्य रूप से कोयला तस्करी से अर्जित धन की स्थिति और उसके लेन-देन से जुड़ी जानकारी जुटाई जाएगी। यह भी जांच की जाएगी कि इस नेटवर्क के किसी प्रभावशाली व्यक्तियों से संबंध तो नहीं हैं।
गौरतलब है कि ईडी ने नवंबर में कोयला तस्करी मामले में पश्चिम बंगाल और झारखंड के 40 से अधिक ठिकानों पर बड़े पैमाने पर छापेमारी की थी। इन कार्रवाइयों के दौरान एजेंसी ने बड़ी संख्या में दस्तावेज जब्त किए थे, साथ ही कई करोड़ रुपये की नकदी और आभूषण भी बरामद किए गए थे।
हिन्दुस्थान समाचार / ओम पराशर



