गोल्डन कार्ड योजना की विसंगतियों पर भड़के पेंशनर्स, सामूहिक ऑप्ट आउट की चेतावनी
- DSS Admin
- Jul 01, 2026
हरिद्वार, 01 जुलाई (हि.स.)। जनपदीय गवर्नमेंट पेंशनर्स वेलफेयर ऑर्गेनाइजेशन की बैठक यूनियन भवन में आयोजित हुई, जिसमें राज्य के पेंशनर्स से जुड़ी विभिन्न समस्याओं पर विस्तार से चर्चा की गई। बैठक में राज्य सरकार की गोल्डन कार्ड स्वास्थ्य योजना में व्याप्त विसंगतियों को पेंशनर्स की सबसे गंभीर समस्या बताते हुए सरकार से तत्काल सुधारात्मक कदम उठाने की मांग की गई।
बैठक की अध्यक्षता जिलाध्यक्ष बी.पी. चौहान ने की, जबकि संचालन जे.पी. चाहर ने किया। दोनों पदाधिकारियों ने कहा कि यदि गोल्डन कार्ड योजना में व्याप्त खामियों को दूर नहीं किया गया तो पेंशनर्स सामूहिक रूप से योजना से ऑप्ट आउट करने के लिए बाध्य होंगे। वक्ताओं ने आरोप लगाया कि कैशलेस चिकित्सा सुविधा के नाम पर पेंशनर्स से करोड़ों रुपये की कटौती की जा रही है, जबकि इलाज के लिए उन्हें अस्पतालों के चक्कर लगाने पड़ते हैं।
वरिष्ठ उपाध्यक्ष एल.सी. पाण्डेय और आर.के. जोशी ने कहा कि सरकारें लगातार पेंशनर्स की समस्याओं की अनदेखी कर रही हैं।
उपाध्यक्ष सुखवंश सिंह और संयुक्त मंत्री ओ.पी. तिवारी ने 30 जून और 31 दिसंबर को सेवानिवृत्त होने वाले कर्मचारियों को एक वर्ष की सेवा पूर्ण करने पर मिलने वाली वार्षिक वेतन वृद्धि का लाभ सेवानिवृत्ति की तिथि से पेंशन में दिए जाने की मांग दोहराई। बैठक में एस.पी. चमोली ने आठवें वेतन आयोग के टर्म्स ऑफ रेफरेंस तथा वित्त विधेयक-2025 पर चर्चा करते हुए पेंशनर्स के हितों की रक्षा के लिए जनमत तैयार करने का आह्वान किया।
बैठक में भूपेंद्र सिंह, हरिकेश अकेला, धर्मानंद कांडवाल, कैलाश चंद शर्मा, अतर सिंह, रमेश चंद्र पंत, उमाशंकर पांडेय, मोहन लाल शर्मा, महेश गुप्ता, एम.के. अग्रवाल सहित अनेक सदस्यों ने अपने विचार रखे।

