पालमपुर हेलीपोर्ट केंद्र का तोहफा : त्रिलोक कपूर

धर्मशाला, 01 अप्रैल (हि.स.)। पालमपुर हेली पोर्ट स्वीकृति का निर्णय केंद्र की मोदी सरकार की उड़ान योजना का तोहफा है, न कि सुक्खू सरकार का है। यह शब्द भाजपा के प्रदेश महामंत्री त्रिलोक कपूर ने मंगलवार को जारी एक प्रेस बयान में व्यक्त किए। उन्होंने कहा कि तत्कालीन केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया के प्रयास और देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आशीर्वाद से हिमाचल प्रदेश में 4 चार नए हेली पोर्ट के निर्माण के लिए मंजूरी मिली है।

उन्होंने कहा कि एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया ने उड़ान योजना के तहत इन चार हेलीपोर्ट के लिए 52 करोड़ रुपए स्वीकृत हुए थे।

प्रदेश भाजपा महामंत्री ने कहा कि भारतीय विमान पतन प्राधिकरण क्षेत्रीय संपर्क योजना उड़ान योजना के अंतर्गत हिमाचल प्रदेश के रिकांगपिओ, चंबा, पालमपुर और धर्मशाला के रक्कड़ जैसे प्रदेश के दुर्गम क्षेत्रों में बेहतर कनेक्टिविटी देना और पर्यटन को विकसित करने के लिए पूर्व भाजपा सरकार ने वर्ष 2021 में इसके लिए प्रयास शुरू किए थे और वर्ष 2022 के अंत में इसके लिए मोदी सरकार ने उड़ान योजना 5-1 के अंतर्गत 52 करोड़ रुपए स्वीकृत किए थे।

कपूर ने बताया कि खेद का विषय है कि प्रदेश की कांग्रेस सरकार ने पालमपुर के हेली पोर्ट के निर्माण कार्य को शुरू करने में भी अढाई वर्ष का समय लगा दिया। भाजपा नेता ने कहा कि आज आधुनिक युग में सूचना के तंत्र पल-पल की जानकारी उपलब्ध करवाते रहते हैं, लेकिन दुर्भाग्यवश पालमपुर के विधायक अभी भी लोगों को झूठ बोलकर यह गुमराह कर रहे हैं कि प्रदेश की सुक्खू सरकार ने पालमपुर हेली पोर्ट के लिए 18 करोड रुपए दिए हैं।

उन्होंने कहा कि जिस प्रदेश की कंगाल सरकार में जलवाहक, आउट सोर्स कर्मचारी व दैनिक मजदूरों के 6-6 महीनों से वेतन देने के लिए पैसे नहीं है क्या वह सरकार पालमपुर के हेली पोर्ट के लिए 18 करोड रुपए देने की हिम्मत रखते हैं।

हिन्दुस्थान समाचार / सतिंदर धलारिया

   

सम्बंधित खबर