एक माह में 1236 पैडल रिक्शा हुए चालू, ग्रामीण क्षेत्रों में घर-घर कचरा उठाव को मिलेगी रफ्तार
- DSS Admin
- Jun 04, 2026
सुपौल, 04 जून (हि.स.)। स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) और लोहिया स्वच्छ बिहार अभियान फेज-2 के तहत जिले में ठोस अपशिष्ट प्रबंधन व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण प्रगति हुई है। जिला प्रशासन द्वारा पंचायतों में घर-घर कचरा संग्रहण और उसके सुरक्षित निष्पादन की व्यवस्था को सुदृढ़ करने के लिए अक्रियाशील वाहनों को पुनः चालू करने का अभियान चलाया गया।
जिला स्तर पर कराई गई जांच में पाया गया था कि ग्रामीण क्षेत्रों में कचरा संग्रहण कार्य में लगाए गए कुल 1236 पैडल रिक्शा और 128 ई-रिक्शा संचालन योग्य नहीं थे। इसके बाद उप विकास आयुक्त के निर्देश पर सभी प्रखंड विकास पदाधिकारियों ने विशेष अभियान चलाकर अक्रियाशील पैडल रिक्शों को पुनः कार्यरत बनाने का काम शुरू किया।अभियान के परिणामस्वरूप मात्र एक माह के भीतर सभी 1236 पैडल रिक्शों को फिर से संचालन योग्य बना दिया गया है।
इन रिक्शों के माध्यम से स्वच्छता कर्मी घर-घर से कचरा एकत्र कर उसे अपशिष्ट प्रसंस्करण इकाई (डब्ल्यूपीयू) तक पहुंचाएंगे, जहां सूखे और गीले कचरे का पृथक-पृथक निष्पादन किया जाएगा। जिला प्रशासन ने बताया कि शेष 128 अक्रियाशील ई-रिक्शों को भी जल्द ही पूरी तरह चालू कर दिया जाएगा, जिससे ग्रामीण स्वच्छता व्यवस्था को और मजबूती मिलेगी। आगामी स्वच्छ गाँव–सुरक्षित जलवायु अभियान के सफल संचालन में यह पहल महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।ग्रामीण क्षेत्रों में घर-घर कचरा उठाव से संबंधित किसी भी प्रकार की शिकायत या समस्या होने पर लोग जिला स्वच्छता कार्यालय, सुपौल के मोबाइल नंबर पर कार्यालय अवधि में संपर्क कर सकते हैं।

