मतदान केंद्रों का समयबद्ध सत्यापन पूरा करें सभी उप जिलाधिकारी : जिलाधिकारी

कानपुर, 27 जून (हि.स.)। हर मतदाता को उसके निकट, सुरक्षित और सभी मूलभूत सुविधाओं से युक्त मतदान केंद्र उपलब्ध कराना प्रशासन की प्राथमिकता है। यदि किसी मतदान केंद्र पर कोई कमी है तो उसे तत्काल दूर किया जाए और जहां आवश्यक हो वहां वैकल्पिक भवन का प्रस्ताव भेजा जाए। यह बातें शनिवार को जिलाधिकारी जितेंद्र प्रताप सिंह ने शनिवार को विभिन्न मतदान केंद्रों के निरीक्षण के दौरान कहीं।

भारत निर्वाचन आयोग के निर्देश पर जनपद में मतदान केंद्रों के भौतिक सत्यापन और रेशनलाइजेशन की प्रक्रिया तेज कर दी गई है। इसी क्रम में जिलाधिकारी ने बिल्हौर विधानसभा क्षेत्र के प्राथमिक विद्यालय शिवराजपुर तथा महाराजपुर विधानसभा क्षेत्र के सेंट जोसेफ सेकेंडरी स्कूल, बाल निकेतन बालिका जूनियर हाई स्कूल और राजकीय श्रम कार्यालय स्थित मतदान केंद्रों का निरीक्षण किया। उन्होंने पेयजल, शौचालय, विद्युत, रैंप समेत एश्योर्ड मिनिमम फैसिलिटीज (एएमएफ) की उपलब्धता का जायजा लिया और व्यवस्थाओं को निर्वाचन आयोग के मानकों के अनुरूप सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने सभी उपजिलाधिकारियों (एसडीएम) को अपने-अपने क्षेत्रों के मतदान केंद्रों का समयबद्ध सत्यापन पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जहां भी किसी प्रकार की कमी मिले उसे तत्काल दूर कराया जाए। जिन भवनों में आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराना संभव नहीं है, वहां नियमानुसार दूसरे उपयुक्त भवनों का प्रस्ताव उपलब्ध कराया जाए।

जिलाधिकारी ने बताया कि यदि किसी मतदाता को मतदान केंद्र अधिक दूर होने, सड़क, रेलवे लाइन या नहर जैसी बाधाओं के कारण परेशानी होती है अथवा परिवार के सदस्यों के नाम अलग-अलग मतदान केंद्रों पर दर्ज हैं तो वे अपने सुझाव संबंधित एसडीएम, निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी (ईआरओ) या बूथ लेवल अधिकारी (बीएलओ) को दे सकते हैं। प्राप्त सुझावों पर राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ चर्चा के बाद निर्वाचन आयोग के मानकों के अनुरूप निर्णय लिया जाएगा। जुलाई के अंत तक मतदान केंद्रों की अंतिम सूची जारी कर दी जाएगी।

निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने प्राथमिक विद्यालय शिवराजपुर-प्रथम में बच्चों से बातचीत की और उनकी पढ़ाई से जुड़े सवाल पूछे, जिनका बच्चों ने संतोषजनक उत्तर दिया।

मतदान केंद्रों के निरीक्षण के साथ जिलाधिकारी ने प्राथमिक विद्यालय हरजिंदर नगर का भी औचक जायजा लिया। यहां 87 पंजीकृत छात्रों के सापेक्ष केवल पांच बच्चे उपस्थित मिले। इस पर उन्होंने शिक्षकों को घर-घर जाकर अभिभावकों से संपर्क करने और बच्चों की नियमित उपस्थिति सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए। उन्होंने विद्यालय में मिड-डे मील व्यवस्था की भी समीक्षा की। विद्यालय प्रशासन ने बताया कि अक्षय पात्र के माध्यम से बच्चों को गुणवत्तापूर्ण भोजन उपलब्ध कराया जा रहा है।

   

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