गुणवत्ता, विश्वास व वैश्विक मानकों पर खरा उतरे यूपी का आम : मुख्यमंत्री याेगी
- DSS Admin
- Jul 03, 2026
-मुख्यमंत्री ने इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में किया आम महोत्सव-2026 का शुभारंभ
- स्टॉल्स का अवलोकन किया और आम की 800 प्रजातियों के बारे में जानकारी ली
लखनऊ, 03 जुलाई (हि.स.)। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में शुक्रवार को आम महोत्सव-2026 का शुभारंभ किया। उन्होंने स्टॉल्स का अवलोकन कर आम की 800 से अधिक प्रजातियों के बारे में भी जानकारी ली। मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारी तैयारी इस तरह होनी चाहिए कि यूपी के किसानों का आम गुणवत्ता, विश्वास व वैश्विक मानकों पर खरा उतर सके। हमारा लक्ष्य केवल उत्पादन बढ़ाने तक सीमित न रहे, बल्कि ब्रांडिंग, प्रोसेसिंग, पैकेजिंग के साथ ही प्रोडक्ट की ट्रेसेबिलिटी व ऑर्गेनिक सर्टिफिकेशन पर भी ध्यान देना होगा। तभी यह एक्सपोर्ट के लिए स्वीकार्य होगा। एक बाग आय के कई मॉडल के रूप में फल उत्पादन, प्रोसेसिंग, टूरिज्म, ऑर्गेनिक उत्पाद, मधुमक्खी पालन, खाद्य उद्योग और एक्सपोर्ट के जरिए किसानों की आमदनी बढ़ाने का माध्यम बन सकता है।
देश में 26 फीसदी आम का उत्पादन करता है उत्तर प्रदेश
मुख्यमंत्री ने कहा कि देश के कुल आम उत्पादन में उत्तर प्रदेश 26 फीसदी हिस्सेदारी करता है। महोत्सव में 7 श्रेणियों के 56 वर्गों में 800 से अधिक वैरायटी हैं। सीएम ने आम महोत्सव में बायर्स-सेलर्स मीट की सराहना की। कहा कि यूपी में हम लोग ओडीओपी से जुड़े आयोजन करते हैं तो बायर्स-सेलर्स मीट अवश्य रखते हैं। इससे किसानों व उद्यमियों को अपने उत्पाद आगे बढ़ाने में मदद मिलती है। औद्यानिक फसलों से जुड़े किसान, स्वयं सहायता समूह, पैक हाउस, एक्सपोर्ट, फूड प्रोसेसिंग, नर्सरी मालिक, बैंकर्स, इंफ्रास्ट्रक्चर तैयार करने वाला मैकेनिज्म, मशीनरी व उपकरण आपूर्तिकर्ता, रिसर्च व डवलपमेंट से जुड़े वैज्ञानिक भी इस कार्यक्रम से जुड़े हैं। उद्यान विभाग ने यूपी में औद्यानिक फसलों के लिए ईकोसिस्टम बनाने का कार्य किया है।
वोकल फॉर लोकल को प्रोत्साहित करते हैं ऐसे महोत्सव
सीएम ने कहा ऐसे महोत्सव प्रधानमंत्री जी के वोकल फॉर लोकल को प्रोत्साहित करते हैं और आत्मनिर्भरता के लक्ष्य को प्रस्तुत करते हैं। स्वस्थ प्रतिस्पर्धा आगे बढ़ने को प्रेरित करती है। यूपी ने खुद को भारत की बड़ी अर्थव्यवस्था के रूप में स्थापित किया है। यूपी के आम का निर्यात यूके, यूएई, कुवैत, मलेशिया, सिंगापुर, न्यूजीलैंड, बेल्जियम, जापान, इटली, रूस, कतर आदि देशों में हो रहा है। एपीडा जैसी एजेंसियां विदेशों में खरीदार व एफपीओ के बीच सीधा संपर्क स्थापित करती हैं। सीएम ने मलिहाबादी आम की चर्चा करते हुए कहा कि हमने इसे ‘काकोरी ब्रांड’ दिया है। काकोरी के अमर शहीदों ने देश की आजादी के लिए खुद का बलिदान दिया। उनकी स्मृति को जीवंत बनाए रखने के लिए हमने इसे यह नाम दिया।
जीआई टैग के लिए आवेदन करे उद्यान विभाग
मुख्यमंत्री ने कहा कि यूपी के आम की अधिक से अधिक वैरायटी को जीआई टैग मिले, इसके लिए उद्यान विभाग अभी से आवेदन करे। सीएम ने जोर दिया कि खाद्यान्न, सब्जी, फल आदि यूपी के उत्पाद केमिकल फर्टिलाइजर व पेस्टिसाइड से मुक्त हों। बीज से बाजार तक यह सावधानी बरती जाए। दुनिया आज ऑर्गेनिक उत्पादों की मांग कर रही है। हमें ऑर्गेनिक व ट्रेसेबल उत्पाद को पहुंचाने के लिए अभी से तैयारी करते हुए प्रशिक्षण देना होगा।
मैंगो टूरिज्म की नई पहचान पर जोर
सीएम ने ओडीओसी की चर्चा कर आम के व्यंजनों पर जोर दिया। कहा कि पहले जुलाई में स्कूल, घऱ, गांवों आदि में आम की दावत होती थी। सीएम ने मैंगो टूरिज्म को नई पहचान दिलाने पर जोर दिया। कहा कि किसानों को एग्री इंटरप्रेन्योर्स बनाने की दिशा में बढ़ाना होगा। इसके लिए वैल्यू क्रिएशन, इनोवेशन, ग्रामीण अर्थव्यवस्था को प्रोत्साहित करना होगा। एआई ड्रोन, सेटेलाइट मैपिंग, प्रिसीजन फॉर्मिंग, सेंसर आधारित सिंचाई और डिजिटल मंडियों के माध्यम से स्मार्ट हॉर्टिकल्चर की तरफ अग्रसर होने की दिशा में कार्य करने की आवश्यकता है।
उपज का उचित मूल्य मिलेगा तो युवा भी होंगे आकर्षित
सीएम ने प्रत्येक जनपद में पोस्ट हार्वेस्ट इंफ्रास्ट्रक्चर, कोल्ड चेन, रैपनिंग सेंटर, पैक हाउस, फूड प्रोसेसिंग यूनिट और एक्सपोर्ट सुविधा को विकसित करने पर बल दिया। उन्होंने कहा कि इसके लिए उद्यान विभाग के साथ ही पीपीपी मोड पर भी काम करना होगा। उपज का उचित मूल्य मिलेगा तो युवा भी कृषि व उद्यमिता की ओर आकर्षित होंगे। स्वयं सहायता समूह मूल्य संवर्धन का नेतृत्व करेंगे और जब हमारे उत्पाद विश्व के प्रमुख बाजारों तक पहुंचेंगे तो पीएम मोदी के विजन ‘विकसित उत्तर प्रदेश, विकसित भारत’ की संकल्पना को साकार करने में मदद मिलेगी।
इस अवसर पर कृषि मंत्री सूर्यप्रताप शाही, कृषि राज्यमंत्री बलदेव सिंह औलख, चिल्लूपार के विधायक राजेश त्रिपाठी, कृषि उत्पादन आयुक्त दीपक कुमार, अपर मुख्य सचिव (उद्यान/खाद्य प्रसंस्करण) बीएल मीणा आदि मौजूद रहे। अतिथियों का स्वागत उद्यान मंत्री दिनेश प्रताप सिंह ने किया।

