विद्या भारती संस्कारयुक्त एवं राष्ट्रनिष्ठ शिक्षा प्रदान करने का महत्वपूर्ण कार्य कर रहीः डॉ. विभास देब
- DSS Admin
- May 12, 2026
-विद्या भारती पूर्वोत्तर क्षेत्र की वार्षिक साधारण सभा अगरतला में सम्पन्न
गुवाहाटी, 12 मई (हि.स.)। त्रिपुरा की राजधानी अगरतला में आयोजित विद्या भारती पूर्वोत्तर क्षेत्र के वार्षिक साधारण सभा में मुख्य अतिथि के रूप में हिस्सा लेते हुए त्रिपुरा के महाराजा बीर बिक्रम विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. विभास देब ने कहा कि विद्या भारती पूर्वोत्तर भारत के दूरस्थ क्षेत्रों में संस्कारयुक्त एवं राष्ट्रनिष्ठ शिक्षा प्रदान करने का महत्वपूर्ण कार्य कर रही है। उन्होंने शिक्षा को चरित्र निर्माण एवं राष्ट्रीय एकता का आधार बताया।
शिशु शिक्षा समिति, असम के प्रचार संयोजक मुकुटेश्वर गोस्वामी ने अगरतला से गुवाहाटी लौटने के बाद आज बताया कि वार्षिक साधारण सभा का आयोजन दो दिवसीय 10 और 11 मई को हुआ था। गोस्वामी ने बताया कि विद्या भारती पूर्वोत्तर क्षेत्र की वार्षिक साधारण सभा (2026-27) का उद्घाटन समारोह त्रिपुरेश्वरी विद्यामंदिर, गांधीग्राम, अगरतला (त्रिपुरा) में सम्पन्न हुआ। कार्यक्रम में पूर्वोत्तर क्षेत्र के सभी प्रांतों के प्रतिनिधियों एवं कार्यकर्ताओं ने हिस्सा लिया।
कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलन एवं सरस्वती वंदना से हुआ। स्वागत उद्बोधन में विद्या भारती पूर्वोत्तर क्षेत्र के सचिव डॉ. जगदीन्द्र रायचौधुरी ने वार्षिक प्रतिवेदन प्रस्तुत करते हुए वर्षभर में हुई गतिविधियों की जानकारी दी। कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए विद्या भारती पूर्वोत्तर क्षेत्र के अध्यक्ष एवं त्रिपुरा विश्वविद्यालय के पूर्व कुलपति प्रो. गंगा प्रसाद परसाईं ने राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के प्रभावी क्रियान्वयन तथा भारतीय ज्ञान परंपरा आधारित शिक्षा पर बल दिया। उन्होंने पंचमुखी शिक्षा के माध्यम से विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास का आह्वान किया।
विद्या भारती अखिल भारतीय शिक्षा संस्थान के उपाध्यक्ष डॉ. शंकर राय ने विद्यालय मूल्यांकन, पूर्व छात्र संपर्क एवं संगठन विस्तार की आवश्यकता पर बल दिया।
इस अवसर पर वर्ष 2026 का “शांतनु रघुनाथ शेंडे पुरस्कार” त्रिपुरेश्वरी विद्यामंदिर के वरिष्ठ आचार्य संजीत कुमार घोष को शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान हेतु प्रदान किया गया। कार्यक्रम में “विभायन”, “उत्कर्ष महोत्सव” तथा “सप्तशक्ति संगम स्मारिका” का लोकार्पण भी किया गया। विद्या भारती पूर्वोत्तर क्षेत्र के संगठन मंत्री डॉ. पवन तिवारी ने मुख्य वक्तव्य प्रस्तुत करते हुए सभी प्रतिनिधियों एवं अतिथियों का आभार व्यक्त किया।

