कठिन मौसम ने रोकी बीएचयू पर्वतारोहण अभियान की राह, लौटी टीम

—माउंट फ्रेंडशिप पीक के शिखर से मात्र 300 मीटर पहले लौटने को विवश हुआ दल

वाराणसी, 02 जुलाई (हि.स.)। उत्तर प्रदेश के वाराणसी स्थित काशी हिन्दू विश्वविद्यालय (बीएचयू) के पर्वतारोहण केंद्र के छात्र-छात्राओं का 14 सदस्यीय पर्वतारोहण दल प्रतिकूल मौसम के कारण वापस लौट आया।

हिमाचल प्रदेश स्थित माउंट फ्रेंडशिप पीक (17,352 फीट) के शिखर से मात्र लगभग 300 मीटर पहले अचानक भारी हिमपात एवं वर्षा से यह परिस्थिति उत्पन्न हो गई। गुरूवार को यहां पर्वतारोहण केंद्र के प्रभारी प्रो. अनिल कुमार सिंह ने बताया कि यह अभियान दल प्रशिक्षक बलराम यादव और शिवनारायण यादव के नेतृत्व में हिमाचल के माउंट फ्रेंडशिप पीक पर आरोहण के लिए रवाना हुई थी। जो हिमालय के पीर पंजाल पर्वतमाला, हिमाचल प्रदेश में स्थित है। इस प्रशिक्षण दल को मौसम के विपरीत परिस्थितियों का सामना करना पड़ा है।

यह अभियान वाराणसी से चंडीगढ़ होते हुए मनाली पहुंची। मनाली पौराणिक कथाओं मनु और महाभारतकालीन स्थल हिडिम्बा का निवास स्थान के रुप में जाना जाता है। दल ने मनाली से शोलंग, धुंधी और बकरथाज होते हुए पवित्र व्यास कुण्ड के करीब अपना प्रथम शिविर लगायी। यही व्यास नदी का उद्गम स्थल है। जिसकी उंचाई समुद्रतल से 12772 फिट है इस टीम ने अपना प्रशिक्षण अभ्यास यही किया जिसमें स्नो क्राफ्ट- जिसमें ताजे बर्फ पर चढ़ने, उतरने व बचाव का प्रशिक्षण, आइस क्राफ्ट- जिसमें ठोस बर्फ पर चढ़ने, उतरने रस्सी को फिक्स करने, आइस एक्स का संचालन, व खुद के बचाव का प्रशिक्षण शामिल था।

इसके बाद 15,500 फीट की ऊंचाई पर एडवांस बेस कैंप स्थापित किया गया, जहां से शिखर के लिए अंतिम चढ़ाई शुरू होनी थी। 25 जून की रात 11 बजे दल शिखर आरोहण के लिए रवाना हुआ। स्नो एवं आइस पर क्रैम्पॉनिंग करते हुए दल लगभग 16,400 फीट तक पहुंच गया, लेकिन अचानक भारी हिमपात एवं वर्षा शुरू हो गई। प्रतिकूल मौसम के चलते दल को सुरक्षा की दृष्टि से वापस लौटने का निर्णय लेना पड़ा। इसी दौरान एक विदेशी दल सहित दो अन्य पर्वतारोहण दलों को भी लौटना पड़ा। प्रो. सिंह ने बताया कि इस अभियान के लिए टीम ने तीन महीनों का कठिन प्रशिक्षण लिया था। जिसके चलते इस टीम के कुछ सदस्यों को इतनी उंचाई पर एक्यूट माउंटेन सिकनेस को छोड़ अन्य कोई बड़ी दिक्कत नहीं हुई, इस दल को स्थानीय शेरपा गाईड और प्रशिक्षकों का महती योगदान है जिसमें सचिन शर्मा, संजू, मणि, आदित्य वर्मा, अशोक, अनिल कुमार और जय पूर्व पर्वतारोण छात्र अनिल यादव, विशाल अग्रवाल, नौसेना के ले0 कमांडर रवि गंगवार का प्रमुख रुप से योगदान रहा।

इस दल को कल वाराणसी पहुंचने पर काशी हिन्दू विश्वविद्यालय के छात्र अधिष्ठाता प्रो0 रंजन कुमार सिंह केन्द्र के प्रभारी प्रो0 अनिल कुमार सिंह ने इस दल को हार्दिक बधाईयां दी है। दल में लीडर संदीप कुमार यादव, डिप्टी लीडर कुसुम कुमारी, क्वार्टर मास्टर निशांत सिंह और निधि प्रजापति, मेडिकल ऑफिसर अनु कुमारी, इन्फॉर्मेशन ऑफिसर राजा कुमार, इक्विपमेंट ऑफिसर शुभम कुमार उपाध्याय, लगेज ऑफिसर सुमन उराँव व नीतिश कुमार गुप्ता, ट्रांसपोर्ट ऑफिसर आदित्य यादव व शोभा पासवान और रिक्रिएशन ऑफिसर चारू राठौड़ शामिल हैं।

   

सम्बंधित खबर